बेसिक शिक्षा विभाग में फर्जी बिल बाउचर से लाखों रुपये की हेरा-फेरी का मामला सामने आया है। बीकापुर ब्लॉक में प्रशिक्षण के लिए आए इस धन की बंदरबांट का मामला खुल गया है।
अन्य ब्लॉकों में इसकी आशंका से इनकार नहीं किया जा सकता है। बीकापुर के एक एनपीआरसी ने खर्च पैसे की मांग की तो उसका वेतन रोक दिया गया। एबीएसए का कहना है कि मामला संज्ञान में आ गया है। छानबीन कराई जा रही है।
मामला पिछले सत्र में प्रबंध समिति के सदस्यों को प्रशिक्षित किए जाने से जुड़ा है। ब्लॉकों में न्याय पंचायत स्तर के एनपीआरसी को अलग-अलग स्कूलों के प्रबंध समितियों को प्रशिक्षण की जिम्मेदारी सौंपी गई थी।
इन लोगों ने अपनी जेब से पैसा लगाकर प्रशिक्षण कराया लेकिन अब खर्च पैसे की मांग की तो एक एनपीआरसी का वेतन रोक दिया गया। इसी के साथ इस मामले का खुलासा हुआ।
बीकापुर के 11 न्याय पंचायतों में से एक बैंती कला के एनपीआरसी श्रीनाथ यादव को 23 विद्यालयों के सदस्यों को प्रशिक्षण की जिम्मेदारी सौंपी गई थी। उन्होंने बताया कि अपनी जेब से भोजन, नाश्ता सहित अन्य सामानों पर करीब 27600 रुपये खर्च किए। इसका आदेश उन्हें पूर्व एबीएसए अर्जुन वर्मा ने दिया था।
इसी तरह से कई अन्य एनपीआरसी को इसकी जिम्मेदारी सौंपी गई थी। यादव ने बताया की पूर्व एबीएसए ने जबरिया बिल बाउचर पर हस्ताक्षर करवा लिया। कहा की भुगतान बाद में होगा।
उनका तबादला हो गया जब नए एबीएसए से भुगतान के विषय में कहा गया तो उन्होंने मेरा वेतन रोक दिया। इसकी शिकायत बीएसए और प्राथमिक शिक्षक संघ के पदाधिकारियों से भी की है।
तोरोमाफी के एनपीआरसी केपी गुप्ता ने भी बताया की उन्होंने भी अपनी जेब से 19200 रुपया खर्च किया है यह आज तक नहीं मिला है। बताया कि उन्हें पता चला है की उनका फर्जी हस्ताक्षर बनाकर उनका धन भी निकाल लिया गया है।
कहा कि श्रीनाथ यादव के साथ हुए उत्पीड़न से डरकर अब कोईं भी एनपीआरसी मुंह खोलने को तैयार नहीं है। इन दोनों लोगों का कहना है कि ब्लॉक क्षेत्र में तीन लाख से ऊपर की धनराशि की हेराफेरी की गई है।
चर्चा है कि बीआरसी भवन पर कई साल से जमें लोगों से हर स्तर पर प्रशिक्षण के नाम पर हेरा-फेरी की जा रही है। मामले के बारे में बीएसए प्रदीप द्विवेदी से बात की गई तो उन्होंने बताया कि वह मीटिंग में हैं। बाद में बात हो सकती है।
करेंगे आंदोलन
प्रशिक्षण के धन की हेराफेरी के मामले में प्राथमिक शिक्षक संघ के जिला मंत्री संजय उपाध्याय का कहना है कि इसकी जानकारी आई है। यदि हाल यही रहा तो इसको लेकर जल्दी ही आंदोलन शुरू किया जाएगा।
मिली है शिकायत
शिकायत मिली है कि इसकी जानकारी करवा रहा हूं कि कैसे प्रशिक्षण का धन निकल गया है या अभी खाते में है।
-कमला प्रसाद प्रजापति, एबीएसए