अयोध्या। नई अयोध्या को विकास एवं पर्यटन की दृष्टि पर विकसित करने की चल रही योजनाओं में आस्था के पथ पंचकोसी व चौदहकोसी परिक्रमा मार्ग के भी दिन बहुरेंगे। लोक निर्माण विभाग इसकी योजना तैयार कर रहा है।
परिक्रमा मार्ग को दोनों तरफ से लगभग सात-सात मीटर चौड़ी करने की योजना है। फोर लेन की तरह सड़क पर कवर ड्रेन, फुटपाथ व जेब्रा लाइन जैसी सुविधाएं होंगी। 200 करोड़ रुपये के आसपास धन खर्च होने का अनुमान लगाया गया है।
रामनगरी अयोध्या में परिक्रमा पथ है। एनएचआई पहले ही 84 कोसी सांस्कृतिक परिधि के परिक्रमा पथ को फोरलेन बनाने का केंद्रीय मंत्री निति गडकरी से शिलान्यास करा चुकी है। इस पथ पर पड़ने वाले ऋषि-मुनियों के आश्रम समेत तमाम प्राचीन मंदिरों तक भक्तों के लिए आवागमन सुलभ करने की तैयारी है। अब लोक निर्माण विभाग 14 कोसी आध्यात्मिक परिधि व पंच कोसी धार्मिक परिधि का फोर लेन की तर्ज पर विकास करने जा रही है।
शासन के आदेश पर सर्वे कर इसकी लागत दो सौ करोड़ रुपये आंकी गई है। प्रतिवर्ष पांच कोसी व 14 कोसी परिक्रमा में 20 लाख से अधिक श्रद्धालु शामिल होते हैं। हालांकि परिक्रमा मार्ग पिछले काफी दिनों से बदहाल है।
वर्ष में परिक्रमा के समय जिला प्रशासन व लोक निर्माण विभाग जागता है। अब पूरे परिक्रमा मार्ग के दोनों तरफ के हिस्सों को सात-सात मीटर चौड़ा किया जाना है। साथ ही पूरी सड़क को नई सिरे से बनाया जाना प्रस्तावित है। इसमें फुटपाथ विकसित करने के साथ, कवर ड्रेन, जेब्रा लाइन व हरियाली उपलब्ध कराए जाने की योजना है। सर्वे पूरा होने के बाद डीपीआर बनकर शासन को भेजा जाएगा। शासन से बजट आवंटन के बाद योजना को अमली जामा पहनाया जा सकेगा।
बदहाल सड़क से भक्तों के पांव होते छलनी
हर वर्ष परिक्रमा मार्ग के नाम पर खासा बजट प्रशासन की ओर से खर्च किया जाता है लेकिन मार्ग की हालत में कोई तब्दीली नहीं आती है। पूर्ववत सरकार ने पूरे परिक्रमा मार्ग की सड़कों को नए सिरे से बनवाया था लेकिन तब से लेकर अभी तक परिक्रमा मार्ग पर कोई कार्य नहीं हुआ। इसके चलते सड़कें जगह-जगह पर क्षतिग्रस्त हो गई हैं। इस सड़कों पर परिक्रमार्थियों के पांव हमेशा से छलनी होते हैं।
अयोध्या की आध्यात्मिक परिधि के परिक्रमा मार्ग के चौड़ीकरण किए जाने का सर्वे हो रहा है। दोनों साइडों को सात-सात मीटर चौड़ा किया जाएगा। इसका अनुमानित बजट दो सौ करोड़ रुपये से अधिक होगा।
रविकुल गजेंद्र, एक्सईएन प्रांतीय खंड