अयोध्या। राममंदिर निर्माण के लिए भूमि पूजन को लेकर चल रही अटकलों पर ट्रस्ट के महासचिव चंपत राय ने यह कहते हुए विराम लगा दिया है कि देश, काल की परिस्थिति को देखते हुए सही समय पर राममंदिर निर्माण की तिथि आधिकारिक रूप से घोषित की जाएगी। लद्दाख की गलवां घाटी में चीन के हमले में शहीद हुए भारतीय जवानों को श्रद्धांजलि देते हुए उन्होंने स्पष्ट किया है भूमि पूजन का अभी कोई कार्यक्रम तय नहीं हुआ है।
दो जुलाई को राममंदिर निर्माण के लिए भूमि पूजन की तिथि को लेकर कई दिनों से अटकलों का दौर चल रहा था। ट्रस्ट की ओर से जारी बयान में कहा गया है कि भारत-चीन सीमा की परिस्थिति गंभीर है, देश की सुरक्षा हम सबके लिए सर्वोपरि है। इसे ध्यान में रखना चाहिए। इसलिए देश काल परिस्थिति को ध्यान में रखते हुए जैसा उपयुक्त समय होगा राम जन्मभूमि मंदिर निर्माण के संबंध में अधिकृत सूचना हमारी वेबसाइट https://srjbtkshetra.org और ई-मेल contact@srjbtkshetra.org से प्राप्त होगी।
वेबसाइट का प्रारंभ बुधवार को किया जा चुका है। वेबसाइट के प्रारंभ अवसर पर पर्यटन मंत्री नीलकंठ तिवारी भी मौजूद रहे। वेबसाइट पर सभी चीजें उपलब्ध हैं। संस्था का रजिस्ट्रेशन नंबर, पैन कार्ड, बैंक अकाउंट नंबर, प्रतीक चिह्न और स्टेट बैंक से मिला एक चिह्न जिसको स्कैन करके दान की रकम ट्रांसफर की जा सकती है। उन्होंने कहा कि मैं मीडिया से भी निवेदन करूंगा कि केवल काल्पनिक आधार पर खबरें न दें इससे समाज में भ्रम फैलता है।
ट्रस्ट ने शहीद जवानों को दी श्रद्धांजलि
राममंदिर ट्रस्ट ने शहीद जवानों को नमन करते हुए उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित की है। ट्रस्ट के महासचिव चंपत राय ने गुरुवार को चीन के साथ हुई हिंसक झड़प में शहीद हुए जवानों को श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए कहा कि मैं भारत के उन वीर सपूतों को अपनी श्रद्धांजलि देता हूं जिन्होंने भारत की सीमाओं की रक्षा के लिए अपने प्राणों का उत्सर्ग कर दिया। हमारे शास्त्रों में कहा गया है कि जो अपने सीने पर गोली खाते हैं और रक्षा करते हैं। उन्हें सूर्यलोक प्राप्त होता है। परम पिता परमेश्वर उन वीर सपूतों को शक्ति दें यह मेरा पहला निवेदन है। देश गंभीर परिस्थितियों का सामना कर रहा है। देश के सम्मान की रक्षा प्रत्येक देशभक्त नागरिक का पहला कर्तव्य है।
चंपत राय ने देखा पत्थरों की सफाई का ट्रायल
राममंदिर निर्माण के लिए रामजन्मभूमि कार्यशाला में रखे पत्थरों को रामजन्मभूमि परिसर में पहुंचाने से पहले उन्हें साफ-सुथरा कर चमकाने के लिए कई एजेंसियां ट्रायल दे रही हैं। 28 साल से खुले आसमान में रखे होने के कारण पत्थरों पर काई जम गयी है और उनकी चमक भी धूमिल हो चुकी है। ट्रस्ट के महासचिव चंपत राय ने गुरुवार को कार्यशाला पहुंचकर यह काम देखा। उन्होंने कार्यशाला में सफाई का ट्रायल दे रही केएलए कंस्ट्रक्शन कंपनी के कर्मियों से इस बारे में जानकारी भी ली। उन्होंने कहा कि पत्थरों से फंगस को हटाकर इन्हें चमकाने की तैयारी की जा रही है। केएलए कंस्ट्रक्शन कंपनी के डायरेक्टर संदीप गर्ग ने बताया कि अभी उनकी कंपनी ट्रायल दे रही है। ट्रस्ट के महासचिव अन्य कंपनियों के मुकाबले उनकी टीम के ट्रायल से संतुष्ट नजर आए।