सोहावल। मस्जिद के लिए सोहावल के गांव रौनाही से लगे सरकारी कृषि फार्म में भूमि दिए जाने के बाद राम मंदिर के ऐतिहासिक फैसले से सोहावल का भी नाम जुड़ गया है। लगभग 25 एकड़ में फैले इस सरकारी कृषि फार्म से अयोध्या जनपद मुख्यालय की दूरी मात्र 18 किलोमीटर है। एनएच 27 हाईवे के किनारे 100 मीटर अंदर रौनाही थाने से पीछे स्थित इस भूमि की पैमाइश मस्जिद निर्माण के लिए मुस्लिम समाज को देने के लिए राजस्व विभाग ने किया था, जिस पर बुधवार को सरकार ने मुहर लगा दी।
तहसीलदार सोहावल वीके सिंह ने बताया कि इसी कृषि फार्म के गाटा संख्या 104, 105, 110 वा 111 को जोड़कर 5 एकड़ भूमि तैयार की गई है, जिसके एक कोने पर इस क्षेत्र के प्रसिद्ध हजरत शाह गदा शाह बाबा की मजार भी स्थापित है, जहां हर वर्ष 3 दिन तक मेला लगता है और अंतरराष्ट्रीय स्तर के ख्याति प्राप्त शायर व कव्वाल अपनी भागीदारी देते हैं। लाखों हिंदू-मुस्लिम व बाबा को चाहने वाले लोग मजार पर माथा टेकने आते हैं।
सरकार के इस फैसले पर मांगी गई टिप्पणी करने से तो मुस्लिम समाज से जुड़े धर्मगुरुओं ने यह कहकर इनकार कर दिया कि मस्जिद से जुड़े पक्षकारों की राय आए बिना कुछ बोलना उचित नहीं है, लेकिन स्थानीय स्तर पर सियासत करने वाले लोगों ने फैसले का स्वागत करते हुए इसे ऐतिहासिक और सोहावल क्षेत्र के लिए अहम बताया है।
बड़ागांव निवासी रईस जाफरी, कोला निवासी लाल मोहम्मद ने कहा कि सरकार के इस फैसले से क्षेत्र में हिंदू-मुस्लिम भाईचारे को मजबूती मिलेगी और क्षेत्र का विकास भी होगा। बीकापुर विधायक प्रतिनिधि डॉ. अमित सिंह ने कहा कि सरकार के इस फैसले का स्वागत है। सरकार का यह कदम सराहनीय और क्षेत्र के विकास में मील का पत्थर साबित होगा। पूरे देश में हिंदू-मुस्लिम के बीच कौमी एकता की दीवार और मजबूत हुई है।