अयोध्या। अयोध्या में श्रीराम मंदिर निर्माण की कवायद शुरू होने से पहले ही केंद्र सरकार ने श्रीरामजन्मभूमि न्यास के अध्यक्ष व श्रीमणिरामदास जी की छावनी के महंत नृत्यगोपाल दास जी महाराज की सुरक्षा कड़ी कर दी है। केंद्र सरकार ने उन्हें जेड श्रेणी की सुरक्षा देने का आदेश जारी किया है।
इससे पहले उन्हें वाई प्लस श्रेणी की सुरक्षा उपलब्ध थी। इससे मंदिर निर्माण को लेकर बनने वाले ट्रस्ट में राम मंदिर आंदोलन के लिए संघर्ष करने वाली श्रीरामजन्मभूमि न्यास की अहम भूमिका होने को बल मिला है। ध्यान रहे कि सुप्रीम कोर्ट के फैसले के बाद केंद्र सरकार द्वारा गठित होने वाले इस ट्रस्ट में महंत नृत्यगोपाल दास को शामिल किए जाने की अटकलें शुरू से लगती रही हैं।
खुफिया विभाग के अनुसार केंद्र सरकार ने श्रीरामजन्मभूमि न्यास के अध्यक्ष व श्रीमणिरामदास जी की छावनी के महंत नृत्यगोपाल दास जी महाराज की सुरक्षा बढ़ाकर उन्हें जेड सुरक्षा देने का निर्णय किया है। इससे मंदिर निर्माण को लेकर सरकार द्वारा गठित होने वाले ट्रस्ट में उनको शामिल किए जाने वाली अटकलों को और बल मिला है। इससे पूर्व उन्हें वाई प्लस श्रेणी की सुरक्षा मिली हुई थी।
जेड श्रेणी की सुरक्षा के तहत अब उनकी सुरक्षा में 22 पुलिसकर्मी तैनात होंगे, इसमें पांच एनएसजी कमांडो हर समय मौजूद रहते हैं। इसके अलावा आईटीबीपी व सीआरपीएफ के जवान व स्थानीय पुलिस के जवान भी उनकी सुरक्षा में तैनात होंगे। इस सुरक्षा के तहत अब उन्हें एस्कार्ट और पायलट वाहन भी दिया जाएगा।
रामचंद्र परमहंस की मृत्यु के बाद संभाली थी मंदिर आंदोलन की कमान
श्रीराम जन्मभूमि न्यास का गठन 1985 में विहिप की देखरेख में हुआ था। इसके माध्यम से कार्यशाला में पिछले कई सालों से मंदिर निर्माण के लिए पत्थर तराशने का काम चल रहा था। 1990 के दशक में रामजन्मभूमि आंदोलन को धार देने में श्रीरामजन्मभूमि न्यास ने भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाई थी।
वर्ष 2003 में इस आंदोलन के शलाका पुरुष महंत रामचंद्र दास परमहंस की मृत्यु के बाद महंत नृत्यगोपाल दास को श्रीरामजन्मभूमि न्यास का अध्यक्ष बनाया गया था। तब से लेकर सुप्रीम कोर्ट के फैसले तक उन्होंने मंदिर निर्माण की दिशा में अपना महत्वपूर्ण योगदान दिया।
बीते 9 नवंबर को सुप्रीम कोर्ट द्वारा मंदिर निर्माण के पक्ष में दिए फैसले व इसके निर्माण के लिए ट्रस्ट गठित करने के आदेश के बाद से ही विहिप समेत देश के साधु संतों ने इस ट्रस्ट में श्रीरामजन्मभूमि न्यास व अध्यक्ष महंत नृत्यगोपाल दास को शामिल करने की मांग उठाई थी। इसको लेकर विहिप ने भी कहा था कि ट्रस्ट गठन में केंद्र सरकार उनकी उपेक्षा नहीं कर सकती है। इसके बाद से संभावित ट्रस्ट में न्यास अध्यक्ष महंत नृत्य गोपाल दास के शामिल होने की अटकलें लगाई जा रही थीं।