भीषण गर्मी और उमस में बिजली की भारी कटौती ने लोगों को बेहाल कर दिया है। बुधवार को मंडल मुख्यालय पर बिजली आपूर्ति लड़खड़ाकर औंधे मुंह जा गिरी। आपात कटौतियों के साथ ही सुल्तानपुर से जिले में आने वाली ट्रांसमिशन लाइन में खराबी से दिन भर लोग पसीने से तरबतर रहे, हर तरफ लोगों का हाल बेहाल रहा।
पावर कॉर्पोरेशन की बिजली आपूर्ति व्यवस्था का यह हाल ऐसे समय रहा जब सूबे के मुख्यमंत्री अखिलेश यादव पड़ोस के जिले अंबेडकरनगर में थे। गर्मी का पारा 40 डिग्री सेल्सियस के पार जाने के बाद से ही जिले में बिजली आपूर्ति की स्थिति खराब है।
सप्ताह भर से आपात कटौतियों के साथ स्थानीय स्तर पर होने वाली खराबियों से घंटे दो घंटे से अधिक की कटौती की जा रही है। दो-तीन दिनों से भीषण उमस भरी गर्मी बढ़ने के साथ ही बिजली कटौती भी बढ़ गई है।
मंगलवार को दिनभर कई घंटे की कटौतियों के बाद रात 12 बजे बिजली गुल हुई तो भोर लगभग साढ़े तीन बजे तक वापस लौटी। गर्मी से परेशान लोग बिजली आने के इंतजार में सड़कों पर टहलते रहे। बुधवार को सुबह पौने आठ बजे बिजली गुल हो गई तो शाम साढ़े चार बजे तक वापस लौटी।
इस दौरान कुछ देर के लिए बिजली की आंखमिचौली चलती रही। कई घंटे लगातार कटौती पर सुल्तानपुर से दर्शन नगर उपकेंद्र आ रही ट्रांसमिशन लाइन में खराबी बताई गई। पुरवा हवा चलने से तापमान एक डिग्री जरूर लुढ़क गया, लेकिन उमस और गर्मी से हर कोई बेहाल रहा।
सड़कों पर लोगों की आमदरफ्त कम हो गयी तो दुकानों में सन्नाटा पसरा रहा। रोडवेज बस अड्डा और रेलवे स्टेशन पर साधन के इंतजार में बैठे-खड़े लोगों का उमस और गर्मी से बुरा हाल था। घरों, शेड और छतों के नीचे बैठे लोगों को इनवर्टर और जनरेटर से चल रहे पंखे की हवा से भी सुकून नहीं मिल पाया।
चिपचिपी गर्मी और उमस से हर कोई परेशान रहा। वाटर प्वाइंटों पर पानी पाने के लिए दिन भर भीड़ लगी रही। कुमारगंज स्थित नरेंद्र देव कृषि विवि के मौसम विभाग के अनुसार बुधवार की सुबह पछुआ तो दोपहर बाद पुरवा हवा चली।
इससे धुंध के साथ उमसभरी गर्मी बढ़ गयी। बताया कि आगामी 5 जून तक मौसम के ऐसे ही रहने का अनुमान है। इस दौरान तापमान 38 से 40 डिग्री तक और न्यूनतम 27 डिग्री तक पहुंच सकता है। पुरवा हवा, बदली और उमस गर्मी से फिलहाल राहत के संकेत नहीं हैं।