जिले के ग्रामीण क्षेत्रों की बैंक शाखाओं में तीसरे दिन शनिवार को भी बैंक में नोट बदलने व जमा करने को लेकर लोगों की भारी भीड़ उमड़ी। बीकापुर में शाम पांच बजे तक ही लेन-देन हुआ। रुदौली में शाम चार बजे लाइन लगी होने के बावजूद गेट बंद कर दिए।
तारुन में बेकाबू भीड़ को नियंत्रित करने के लिए पुलिस ने स्टेट बैंक पर लाइन में लगे ग्राहकों पर डंडा फटकारा। सोहावल में तीसरे दिन भी एटीएम के शटर नहीं उठे। बैंकों से नकदी खत्म हो गई। यहीं नहीं तीसरे दिन भी नोट बदलने के लिए अतरिक्त काउंटर नहीं खोला जा सका।
मवई प्रतिनिधि के मुताबिक रुदौली तहसील के पटरंगा, मवई, बाबाबाजार, रानीमऊ, सैदपुर, रौजागांव, उमापुर, भेलसर, शुजागंज, स्थित बैंकों के बाहर शनिवार को भी लोगों की भारी भीड़ जमा रही।
सोहावल प्रतिनिधि के मुताबिक क्षेत्र के एटीएम तीसरे दिन शनिवार को भी बंद रहे। लोगों कोे लीड बैंको की शाखाओं में ही लंबी लाइन लगानी पड़ी। ग्रामीण बैंक की शाखाओं में नकदी पहुंची ही नहीं। यहां केवल पुराने बंद नोटों को जमा करने का ही काम होता रहा।
तारुन प्रतिनिधि के मुताबिक शनिवार को सुबह स्टेट बैंक, सेंट्रल बैंक सहित क्षेत्र के अन्य बैंकों पर सैकड़ों की संख्या में भीड़ जमा हो गई। जिससे बाजार में जाम की स्थिति बन गई। पुलिस ने बैंक से ग्राहकों की भीड़ को पीछे ढकेल कर लाइन लगवाई।
रुदौली प्रतिनिधि के मुताबिक बैंकों में 3 बजे से 4 बजे तालाबंदी होने से जनता को लाइन में लगने के बाद वापस होना पड़। कमोवेश ऐसी स्थित पंजाब नेशनल बैंक, यूनियन बैंक, एसबीआई भेलसर शाखा, बैंक ऑफ बड़ौदा, स्टेट बैंक आफ महाराष्ट्र, की शाखाओं में रही।
बीकापुर प्रतिनिधि के मुताबिक कस्बे के बीओबी, एसबीआई, केनरा बैंक सहित तोरोमाफी, शेरपुर पारा, शाहगंज, चौरे बाजार, रामपुर भगन, कोंछा, हैदरगंज के बैंकों में शाम पांच बजे तक लेन-देन चलता रहा।