अयोध्या। विवाह में जाने के लिए एक बस बुक कराई गई थी। इसमें मारवाड़ी समाज की महिलाएं बैठीं थी। तभी चालक, परिचालक व बस में घुसे कुछ अन्य बदमाशों ने लूटपाट शुरू कर दी। महिलाओं ने शोर मचाया तो लोग दौड़ पड़े। उन्होंने चालक, परिचालक व एक अन्य को दबोच लिया, जबकि कुछ अन्य बदमाश भाग निकले। पुलिस ने लूटे सामन को वापस करा दिया है। मामले में रिपोर्ट दर्ज कराई गई है। पुुलिस फरार बदमाशों की तलाश कर रही है।
मारवाड़ी सेवा ट्रस्ट फैजाबाद से लखनऊ बारात जाने के लिए रविवार को एक बस बुक की गई थी। बस में फतेहगंज निवासी दीपक मोदी व उनके रिश्तेदार व परिवार की महिलाएं व बच्चे बैठे थे। इस बीच चालक-खलासी ने अन्य कुछ महिलाओं के आने में देरी से विवाद शुरू कर दिया। पीड़ित महिलाओं के मुताबिक चालक ने अपने सिरसिंडा निवासी बस मालिक से बात की तो उसने बस खाली कराने का हुक्म दे दिया।
महिलाएं जब बस से नहीं उतरी तो चालक ने बस को गोरखपुर हाईवे की ओर एक रिजार्ट्स के सामने वाली पटरी पर रोक दिया। असलहे समेत लाठी-डंडे व राड से लैश कई और लोग बस में घुस गए। महिलाओं के साथ लूट-पाट शुरू कर दी। महिलाएं-बच्चे रोने-चीखने लगे। सूचना पर मारवाड़ी परिवार के लोग मौके पर दौड़े। नगर विधायक वेद प्रकाश गुप्त भी पहुंचे। सीओ व कोतवाल को सूचना दी गई।
विधायक ने बताया कि उनके साथ मौजूद गनर व उनके समर्थकों ने बस ड्राइवर, परिचालक समेत एक अन्य युवक को मौके पर पकड़ लिया। इस दौरान कुछ लोग भाग निकले। विधायक ने तत्काल इसकी सूचना वरिष्ठ अधिकारियों को दी। मौके पर पहुंची पुलिस ने चालक-खलासी के पास मौजूद महिलाओं के सामान वापस कराए। बस को कब्जे में ले लिया गया। मामले मेें फजेहगंज निवासी दीपक मोदी ने अयोध्या कोतवाली में तहरीर दी है। बाद में दूसरे साधन से बारात को रवाना किया गया।
कोतवाल अरविंद पांडेय ने बताया कि घटना रविवार सुबह आठ बजे की है। तहरीर पर केस दर्ज कर कार्रवाई की जा रही है। आरोपी बस चालक व परिचालक को पकड़ लिया गया है। बस को भी कब्जे में ले लिया गया है। लूटे सामान को वापस करा दिया गया है।