अधिग्रहीत परिसर के निकट घूमते हुए लगभग 18 वर्षीय एक संदिग्ध युवक को पुलिस ने मंगलवार को पकड़ा है। युवक को हिरासत में लेकर थाने में पुलिस व खुफिया एजेंसियों की टीमें पूछताछ कर रही हैं। युवक के पास से आधार कार्ड व नेपाली करेंसी बरामद की गई है। प्रथम दृष्टया जांच में आ रही जानकारी से युवक को लेकर संदेह बढ़ता जा रहा है। उच्चाधिकारियों का कहना है कि एटीएस सामानों की जांच को लेकर सक्रिय है।
परिसर सूत्रों के मुताबिक दोपहर लगभग साढ़े 12 बजे एक युवक अमावां मंदिर गेट पर लगे एक्सरे मशीन के आसपास टहलते मिला। आसपास के लोगों ने संदिग्ध मानते हुए सुरक्षाकर्मियों को सूचना दी। सुरक्षाकर्मियों ने युवक को पकड़ा और पूछताछ की तो जानकारी संदेहास्पद लगी। इस पर सुरक्षाकर्मियों ने पुलिस को बुलाकर उसके सिपुर्द कर दिया। थानाध्यक्ष रामजन्मभूमि दिनेश्वर पांडेय ने संदिग्ध युवक को पकड़े जाने की पुष्टि की।
बताया कि पुलिस व खुफिया संगठनों की टीमों की पूछताछ में युवक ने अपना नाम तनसीफ पुत्र शरीफ सहारनपुर जिले के रामपुर मनिहारन थाना क्षेत्र के जनखेड़ा निवासी बताया है। उसके पास से मिले आधार कार्ड में भी यही नाम पता अंकित है।
उसके पास से नेपाली करेंसी भी बरामद की गई है। बताया कि पूछताछ में युवक का कहना है कि वह 10-12 अन्य साथियों के साथ सूटकेस को घूम-घूम कर बेचने का काम करता है। पड़ोसी जिले गोंडा में सभी लोग रुके हैं। वहां से आसपास के क्षेत्रों में हम सभी फेरी लगाते हैं। नेपाली करेंसी मिलने पर युवक ने बताया कि वह नेपाल में भी फेरी लगाता था तो कुछ रुपये नेपाली भी उसके पास रह गए हैं।
फिलहाल युवक के नाम व पते के साथ अन्य जानकारियों की सच्चाई की जांच की जा रही है। पूछताछ जारी है। पुलिस सूत्रों की मानें तो हाल ही में उड़ीसा में पकड़े गए बांग्लादेशी संदिग्धों के आधार कार्ड फर्जी पाए गए थे। प्रथम दृष्टया जांच में युवक व उसके आधार कार्ड की जांच में मिली गड़बड़ी से संदेह गहराता जा रहा है। खुफिया टीमें इस दिशा में भी जांच कर रही हैं। एटीएस भी मामले को लेकर सतर्क बताई जा रही है।