हैदरगंज थाना क्षेत्र में सोमवार रात शक के आधार पर ग्रामीणों ने दिलेरी दिखाते हुए बलिया के दो शूटरों को धर दबोचा और पुलिस को सौंप दिया। शूटरों के पास से दो तमंचा व कारतूस बरामद हुआ है। पुलिस की मानें तो शूटरों ने कुबूला कि वह एक सपा नेता व सराफा व्यवसायी को उड़ाने आए थे।
उन्हें उनकी हत्या करने की सुपारी मिली है। पूछताछ में आरोपियों ने सुपारी देने संबंधित कई राज उगले हैं। पुलिस उसकी तस्दीक कर रही है। वहीं, इस खुलासे के बाद सराफा व्यवसायी व सपा नेता का परिवार दहशतजदा है।
पुलिस के मुताबिक, सोमवार रात तकरीबन नौ बजे हैदरगंज-कूरेभार मार्ग पर शिलाका पुरवा गांव के सामने ग्रामीणों ने संदिग्ध हालात में बाइक से घूम रहे दो युवकों को देखा और शक होने पर रुकने का इशारा किया। तभी बाइक सवार दोनों युवक भागने लगे। ग्रामीणों ने दोनों को दबोच लिया। जबकि उसका एक साथी बाइक लेकर भाग निकला।
ग्रामीणों ने पकड़े गए आरोपियों को पुलिस के हवाले कर दिया। रात भर चली पूछताछ के बाद थानाध्यक्ष राघवेंद्र प्रताप रावत ने बताया कि पकड़े गए दोनों युवकों की पहचान शाकिर पुत्र यूसुफ और सहाबुद्दीन पुत्र फिरोज के रूप में हुई है। दोनों पेशेवर अपराधी हैं। दोनों बलिया जिले के सिकंदर पुर थाना क्षेत्र के निवासी हैं।
इनके कब्जे से दो तमंचा और 12 कारतूस बरामद हुए हैं। एसओजी भी पूछताछ में लगी है। एसओ ने बताया कि पूछताछ में दोनों शूटरों ने कुबूला कि उनके निशाने पर सराफा व्यवसायी सियाराम सराफ और सपा के जिला कोषाध्यक्ष थे। उन्हें उड़ाने की सुपारी दी गई है। पुलिस दोनों आरोपियों से सुपारी देने वाले शख्स की पड़ताल कर रही है।