श्रीराम अस्पताल में शनिवार को मरीज दिखाने पहुंचे कुछ युवकों की चिकित्सकों से तू-तू मैं-मैं हो गई। युवकों ने चिकित्सक से अभद्रता व गालीगलौज करते हुए अस्पताल के रजिस्टर फाड़ डाले। विरोध पर कर्मचारियों से हाथापाई भी की।
युवकों से बवाल पर अस्पताल में अफरातफरी मच गई। भीड़ जुटी तो युवक भाग गए। बाद में आक्रोशित कर्मियों ने काम ठप कर इमरजेंसी चिकित्सा कक्ष बंद कर दी। अस्पताल के सीएमएस डॉ. संत प्रकाश गौतम ने बताया कि दोपहर में लगभग साढ़े 11 बजे चार-पांच युवक एक मरीज को दिखाने अस्पताल पहुंचे थे।
इन युवकों ने अस्पताल में ड्यूटी पर तैनात चेस्ट स्पेशलिस्ट डा. उजैर अंसारी व बाल रोग विशेषज्ञ डा. एपी भार्गव से अभद्र व्यवहार कर, गालीगलौज करने लगे। बगल के कमरे में ओपीडी, वाह्य रोगी, अंतरंग रोगी के पर्चे के रजिस्टर को फाड़ने लगे।
कमरे में बैठे रजिस्ट्रेशन क्लर्क मनीष श्रीवास्तव व गिरीश चंद्र वैश्य ने विरोध किया तो युवक उनसे भी हाथापाई करने लगे। बताया कि युवकों के बवाल से अस्पताल में अफरातफरी का माहौल बन गया। हंगामे की सूचना पर कर्मचारी पहुंचे तो युवक भाग गए।
घटना से आक्रोशित अस्पताल के कर्मचारी काम ठप कर आंदोलित हो गए। इमरजेंसी कक्ष बंद कर दिया। सूचना पर पुलिस पहुंची लेकिन युवक भाग गए थे। अस्पताल में बवाल की सूचना पर सीएमओ डा. प्रमोद कुमार भी पहुंचे और जानकारी लेकर चिकित्सकों व कर्मियों से अभद्र कृत्य पर क्षोभ जताया।
कहा कि दोषियों को बख्शा नहीं जाएगा। सीएमएस ने बताया कि आरोपी युवकों पर कार्रवाई के आश्वासन पर चिकित्सा सेवाएं बहाल कर दी गई हैं। बताया कि चार-पांच अज्ञात युवकों के खिलाफ सरकारी काम में बाधा व अभद्र व्यवहार के आरोप में थाना रामजन्मभूमि में तहरीर दी जा रही है।
थानाध्यक्ष दिनेश्वर पांडेय ने कहा कि मामले की जानकारी पर पुलिस कर्मियों को अस्पताल भेजा गया था। अभी तक कोई तहरीर नही मिली है।