यलो जोन क्षेत्र में गुंडागर्दी के बल पर टैक्सी स्टैंड चलाए जाने के एक मामले में दाखिल याचिका पर एसीजेएम द्वितीय रश्मि सिंह की अदालत ने अखिल भारतीय अखाड़ा परिषद के अध्यक्ष महंत ज्ञानदास, हनुमानगढ़ी के गद्दीनशीन महंत रमेश दास, ठेकेदार सुरेंद्र दास के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर विवेचना का आदेश दिया है।
वादी के अधिवक्ता संतोष वर्मा ने बताया कि महेंद्र त्रिपाठी निवासी अयोध्या 29 नवंबर 2015 को अपनी बाइक से जा रहे थे। काफी भीड़ होने पर उन्होंने अपनी बाइक को श्रीहनुमत संस्कृत स्नाकोत्तर महाविद्यालय स्थित टैक्सी स्टैंड पर खड़ी कर दी। लौटे तो वहां पर उनको 20 रुपये की रसीद काट कर देकर 50 रुपये की मांग की जाने लगी।
विरोध किया तो कहा कि 30 रुपये दे दो। इस पर उन्होंने डीएम व मुख्यमंत्री तक से शिकायत की, जिस पर उनके ई-मेल पर बताया गया कि जांच की जा रही है लेकिन अब तक कोई कार्रवाई नहीं हुई।
इस पर महेंद्र ने अखिल भारतीय अखाड़ा परिषद के अध्यक्ष महंत ज्ञानदास, हनुमानगढ़ी के गद्दीनशीन महंत रमेश दास, ठेकेदार सुरेंद्र दास के खिलाफ एसीजेएम द्वितीय की अदालत में अर्जी दी। सुनवाई के बाद अदालत ने रामजन्मभूमि थानाध्यक्ष को एफआईआर दर्ज कर विवेचना का आदेश दिया है।