साहब! भाई के सामने ही जिगर के टुकड़े को पटककर मार डाला
फैजाबाद। छह साल की मासूम को पटककर मार डालने काजुर्म साबित होने पर कोर्ट ने अधेड़ को आजीवन कठोर कारावास की सजा सुनाई है। उस पर पांच हजार रुपये का जुर्माना भी किया है। यह आदेश अपर जिला जज मोहम्मद अली की कोर्ट से बुधवार को हुआ।
पति को ता उम्र सलाखों के पीछे भेजने में सात जन्म तक साथ निभाने का वादा करने वाली उसकी पत्नी की गवाही ही मुख्य आधार बनी। कोर्ट में पत्नी ने कहा कि साहब! मेरे भाई के सामने ही शराबी पति ने मेरे जिगर के टुकड़े अंतिमा को पटककर मार डाला। घटना को अंजाम इसलिए दिया कि उसका मेरी जेठानी से अवैध संबंध थे। मुझे रास्ते से हटाने में मासूम बाधा साबित हो रही थी।
एडीजीसी शैलेंद्र मिश्र ने बताया कि सुनीता वर्मा की शादी रौनाही थाने के सरायनामू निवासी मुकेश वर्मा के साथ घटना के आठ साल पहले हुई थी। शादी के बाद पता चला कि मुकेश का उसकी भाभी से अवैध संबंध है। दो साल बाद सुनीता के एक पुत्री अंकिता हुई। इसके बाद से ही मुकेश ने पत्नी और पुत्री को रास्ते से हटाने की योजना बना डाली। शराब के नशे में 18 अगस्त 2016 को अपनी पुत्री को पटक दिया। जिससे उसे काफी चोट आई। इसके तीन दिन बाद रात 10 बजे पुत्री को मुकेश ट्यूबवेल पर ले जाने लगा। पत्नी ने इसका विरोध किया लेकिन वह नहीं माना उसे लेकर गया और वहां उसकी जमीन पर पटककर हत्या कर दी। घर से ले जाते समय ही सुनीता ने अपने भाई को फोन के जरिए सूचना दी तो वह मौके पर पहुंच गया और मासूम की हत्या करते देखा। इसके बाद मासूम को लेकर घर पहुंचा। बेटी की हालत देख सुनीता उसे लेकर डॉक्टर के पास गई जहां उसे मृत घोषित कर दिया गया। पुलिस ने शव कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेजा। सुनवाई के दौरान सुनीता और उसके भाई की कोर्ट में गवाही हुई जिन्होंने घटना का समर्थन किया। इसके बाद कोर्ट ने मुकेश को हत्या का दोषी पाते हुए सजादी। घटना के बाद से आरोपी जेल में ही है। सजा सुनाए जाने के बाद उसे फिर जेल भेज दिया गया।