अयोध्या। अदालत में विचाराधीन दुराचार के एक आपराधिक मामले में गवाह को बार-बार नोटिस व गैर जमानती वारंट जारी होने के बावजूद गवाही के लिए पेश नहीं करने पर विशेष न्यायाधीश (पॉक्सो एक्ट) असद अहमद हाशमी ने एसएसपी अयोध्या व थाना प्रभारी रौनाही को नोटिस जारी कर अदालत में व्यक्तिगत रूप से तलब किया है।
सहायक जिला शासकीय अधिवक्ता (फौजदारी) वीरेंद्र प्रसाद मौर्या ने बताया कि न्यायालय में विचाराधीन थाना रौनाही से संबंधित दुराचार व पॉक्सो एक्ट के एक मामले में पूर्व की कई तिथियों में पीड़िता व वादी को बयान के लिए तलब किया गया था। लेकिन मामले में समन आदि की तालीमा के संबंध में थाने के पैरोकार द्वारा कोई आख्या नहीं दी गई।
अदालत में थाने के पैरोकार ने जानकारी दी कि इस मामले में थानाध्यक्ष को अवगत करा दिया गया था और नोटिस भी थाने पर रिसीव करा दिया गया था।
अदालत ने फिर भी गवाह को प्रस्तुत नहीं किए जाने पर मंगलवार को एसएसपी को नोटिस जारी करते हुए कहा कि आप व थानाध्यक्ष रौनाही के द्वारा न्यायालय द्वारा पारित आदेशों के अनुपालन में लापरवाही बरती गई, ऐसा लगता है कि आपका अपने अधीनस्थ थानाध्यक्ष पर नियंत्रण नहीं है।
विशेष न्यायाधीश असद अहमद हाशमी ने एसएसपी को बुधवार को न्यायालय में खुद उपस्थित होकर स्पष्टीकरण देने को कहा है। वहीं, थानाध्यक्ष रौनाही को भी बुधवार को सुबह 10 बजे कोर्ट में तलब कर स्पष्टीकरण देने को कहा है कि क्यों नहीं न्यायालय के आदेश की अवहेलना पर पुलिस अधिनियम के तहत अर्थ दंड अधिरोपित करते हुए उसका इंद्राज सेवा पुस्तिका में कर दिया जाए।