अयोध्या। सुप्रीमकोर्ट के निर्देश पर सोहावल के धन्नीपुर गांव में प्रस्तावित मस्जिद साइट का केरल व आंध्र प्रदेश की चार छात्राओं ने दौरा किया है। बाद में छात्राओं के दल ने ट्रस्टी कैप्टन अफजाल से मुलाकात की है।
प्रतिनिधि मंडल को ट्रस्टी कैप्टन अफजाल अहमद ने बताया है कि धनीपुर गांव में 300 बेड का सुपर स्पेशियलिटी अस्पताल, एक सामुदायिक रसोईघर और एक अनुसंधान केंद्र शामिल है।
जहाँ पांच एकड़ जमीन सुप्रीम कोर्ट ने अयोध्या के फैसले में सुन्नी सेंट्रल वक्फ बोर्ड को दी है। बोर्ड ने अयोध्या मस्जिद परियोजना के लिए एक ट्रस्ट - इंडो इस्लामिक कल्चरल फाउंडेशन का गठन किया।
उन्होंने बताया है कि यह परियोजना दुनिया के लिए इस्लाम की खिड़की होगी। जिसमें मानवता की सेवा के लिए अस्पताल में मुफ्त इलाज और धर्म के मतभेदों के बिना सामुदायिक रसोई के माध्यम से भूखे लोगों को खाना खिलाने से की जाएगी।
इस परियोजना में ग्रीन बेल्ट विकसित करके पर्यावरण में बदलाव लाने के लिए प्रकृति की सेवा और अनुसंधान केंद्र के माध्यम से मुस्लिम समुदाय द्वारा स्वतंत्रता संग्राम और राष्ट्र निर्माण में प्रयासों को प्रोजेक्ट करना और बुराई की निंदा करने और अच्छे के लिए काम करने के लिए ज्ञान का केंद्र बनाना।
प्रतिनिधिमंडल ने बाद में ट्रस्ट कार्यालय का दौरा किया व ट्रस्ट सचिव अतहर हुसैन, ट्रस्टी हाजी इमरान अहमद और मोहम्मद राशिद, ट्रस्ट सलाहकार प्रोफेसर रमेश दीक्षित और शाजिया फखर के साथ बैठक की है।