फैजाबाद। फर्जी वसीयत के जरिये दूसरे की जमीन हड़पने के मामले में हनुमानगढ़ी अयोध्या के साधु गौरीशंकर दास की जमानत अर्जी सोमवार को खारिज करके उन्हें जेल भेज दिया।
यह आदेश जिला जज चंद्र हास राम की कोर्ट से हुआ। डीजीसी अशोक कुमार पांडेय ने बताया कि घटना 16 मई 2007 की है।
वादी युगल बिहारीदास निवासी अयोध्या ने रिपोर्ट लिखाई थी कि गौरी शंकर दास ने अपने सहयोगियों के साथ मिलकर उसकी साढ़े चार बीघा जमीन हड़पने के लिए कई बार जानलेवा हमला करवाया।
इससे डर कर जब वह बाहर चला गया तो उसे राजस्व अभिलेखों में मृत दर्शाकर उसकी कई जमीन पर अपना नाम दर्ज करवा लिया। इसके बाद जमीन को दूसरे को बेच दिया।
राजस्व कर्मियों की जांच में युगल बिहारीदास जीवित पाए गए। सुनवाई के बाद कोर्ट ने जमानत अर्जी खारिज कर दी।