अयोध्या एक बार फिर स्वच्छता में फिसड्डी
फैजाबाद। सरकार के ड्रीम प्रोजेक्ट में शामिल राम नगरी अयोध्या स्वच्छता के पैमाने पर फिसड्डी साबित हुई है। नेशनल रैंकिंग व राज्य की रैंकिंग सूची से भी बाहर हो गई है। नार्थ जोन में 157 वां स्थान मिला है। जबकि सरकार ने नगर पालिका फैजाबाद और अयोध्या को मिलाकर इसे नए नगर निगम का दर्जा भी दिया। मुख्यमंत्री के बार-बार दौरे हुए। बावजूद सरयू में गंदे नालों का गिरना नहीं थमा। कूड़ा निस्तारण के इंतजाम नहीं हो पाए। ऑनलाइन स्वच्छता से लेकर प्रशासनिक व पब्लिक सेवाओं के इंतजाम नजर नहीं आए। नगर निगम प्रशासन भी हर मोर्चे पर कस्बे से भी खराब सुविधाएं और संसाधन होने का रोना रोता रहा।
पिछले साल भारत सरकार ने कुल 434 शहरों में स्वच्छता का सर्वेक्षण कराया था। इसमें फैजाबाद नगर पालिका को 383 वां स्थान जबकि अयोध्या को 252 वां स्थान मिला था। इस बार केंद्र सरकार की ग्रामीण एवं शहरी विकास मंत्रालय ने देश के कुल 4203 शहरों का सर्वेक्षण कराया। जारी की गई 485 शहरों की नेशनल रैंकिंग में अयोध्या नगर निगम को कोई स्थान नहीं मिला। यही नहीं उत्तर प्रदेश के शहरों की जारी 80 शहरों की सूची में अयोध्या नगर निगम को कोई स्थान नहीं मिला। उत्तर प्रदेश के नार्थ जोन की सूची में अयोध्या को 157 वां स्थान मिला है। कुल 1722 अंक मिले हैं। नगर निगम प्रशासन स्वच्छता के पैमाने पर पिछड़ेपन की वजह से संसाधनों की कमी मानती है। नगर निगम बनने के बाद भी कूड़ा निस्तारण के लिए संयंत्र अभी दूर की कौड़ी बना हुआ है। अभी तक भूमि चिह्नित ही नहीं हो पा रहा है। कूड़ा सड़क के किनारे फेंका जा रहा है। कॉलोनियों से डोर-टू-डोर कूड़ा कलेक्शन नहीं हो पा रहा है। इसके लिए हायर की गई एजेंसी भी नदारद है। सफाई कर्मियों व वाहनों की भारी कमी है। नगर निगम अयोध्या के अपर आयुक्त सच्चिदानंद सिंह बताते हैं कि अयोध्या को स्वच्छ बनाने के नगर निगम में पब्लिक टाइलेट बनाने जा रहे हैं। अयोध्या नगर निगम को ओडीएफ बनाने की कवायद तेज कर दी गई है। यहां 20 घंटे सफाई सुनिश्चित किए जाने की योजना बनाई जा रही है।
नगर निगम अयोध्या में स्वच्छता को लेकर विशेष योजना बनाई गई है। शासन से पर्याप्त मात्रा में डोर-टू-डोर कूड़ा कलेक्शन के संसाधन की स्वीकृति मिल गई है। कर्मचारियों की कमी भी दूर की जा रही है। हर वार्ड में ऑनलाइन सफाई इंतजाम की मॉनिटरिंग की व्यवस्था की जा रही है। अभी यहां नगर निगम बनने के बाद संसाधनों की स्थिति कस्बे से भी खराब हालत में हैॅं इसे अपग्रेड करके अगली बार स्वच्छता रैंकिंग में बेहतर स्थान लाने का प्रयास किया जाएगा।- ऋषिकेश उपाध्याय, मेयर अयोध्या नगर निगम
गोसाईंगंज ने लगाई 13 पायदान की छलांग
अयोध्या नगर निगम भले की राष्ट्रीय व राजकीय रैंकिंग में स्थान ग्रहण नहीं किया लेकिन गोसाईगंज ने जिले की लाज बचाई है। नगर पंचायत ने स्वच्छता सर्वेक्षण में 370 वीं राष्ट्रीय रैंक हासिल की है। सूची के अनुसार गोसाईगंज को 1379.79 अंक मिले हैं। सूची में बीकापुर, रुदौली व भदरसा को कोई स्थान नहीं मिला है।
छावनी कैंटोमेंट बोर्ड फैजाबाद को देश में 34 वीं रैंक
सफाई व व्यवस्थाओं को लेकर छावनी कैंटोमेंट बोर्ड फैजाबाद ने इतिहास रच दिया है। सफाई के मामले में शनिवार को जारी सूची के अनुसार छावनी परिषद फैजाबाद को देश की 34 वीं सबसे स्वच्छ छावनी घोषित किया गया है। स्वच्छता सर्वेक्षण की जारी सूची में कैंटोमेंट बोर्ड को 1960 अंक मिले हैं। बता दें कि इसमें सिर्फ देश के छावनी परिषद को ही शामिल किया गया था।