आरोपियों के बजाय दूसरे को उठाने पर आक्रोश
मिल्कीपुर (फैजाबाद)। हत्या के सिलसिले में पूछताछ के लिए थाने पर लाए गए एक व्यक्ति को छुड़ाने के लिए लाठी-डंडों और कुल्हाड़ी से लैस होेकर आए लोगों ने रविवार रात थाने पर हंगामा कर दिया। इस संदर्भ में थाना इनायतनगर ने केस दर्ज किया है।
वहीं, ग्रामीणों का कहना है कि पुलिस हत्या के आरोपियों को पकड़ने के बजाए दूसरे व्यक्ति को उठा लाई थी, जिसका ग्रामवासी विरोध कर रहे थे। थाना इनायतनगर अंतर्गत गांव गंगासराय में रविवार रात एक मामले में नामजद हत्याभियुक्तों को पकड़ने गई पुलिस आरोपियों के घर न जाकर गांव के दूसरे व्यक्ति ज्ञान प्रकाश तिवारी को थाने उठा लाई।
ग्रामीणों व परिवार की महिलाएं विरोध जताने थाने पर पहुंच गए। इस दौरान पुलिस और ग्रामीणों में बहस हो गई। इसके बाद दरोगा अमरेश कुमार मंडल ने तहरीर दिया कि ज्ञान प्रकाश को छुड़ाने आए लोगों ने थाना परिसर में लाठी, कुल्हाड़ी व डंडे से लैस होकर हमला किया, जिससे परिसर में अफरातफरी का माहौल रहा।
दरोगा अमरेश की तहरीर पर विजय प्रकाश तिवारी, राजकरण साहू, जमुना प्रसाद तिवारी, कमलेश समेत आठ-दस के खिलाफ केस दर्ज किया गया। इसमें जमुना प्रसाद को सोमवार को जेल भेज दिया गया। प्रभारी निरीक्षक ने बताया कि हत्या के सिलसिले में पूछताछ करने लाये ज्ञान प्रकाश को छुड़ाने आए ग्रामीणों और महिलाओं ने मारपीट व गालीगलौज की, जिसमें एक आरोपी जमुना प्रसाद को जेल भेजा गया।
अन्य की तलाश जारी है। उधर, मृतक जगप्रसाद के पिता बिंदेसरी प्रसाद साहू ने आरोप लगाया कि मेरे पुत्र की हत्या के ढाई माह बीत जाने के बाद भी पुलिस नामजद अभियुक्त कृष्णकुमार, राजकुमार, अभिषेक, साधुसरण मौर्या को पकड़ नहीं रही है, जबकि अभियुक्त खुलेआम घूमकर उन्हें व उनके परिवारवालों को जान से मरने की धमकी दे रहे हैं।
इसकी शिकायत थाने पर की गयी लेकिन कोई सुनवाई नहीं हुई। इसके विरोध में मुख्यमंत्री, एसएसपी व डीआईजी से शिकायत की गई थी। इससे खार खाई पुलिस नाराज होकर मेरे शुभचिंतकों को फर्जी मुकदमे में फंसाने का काम रही है।