फैजाबाद। सफदरगंज आउटर पर सिग्नल के इंतजार में खड़ी कैफियत एक्सप्रेस का ड्राइवर नित्यकर्म के लिए उतरते वक्त इंजन से नीचे गिर गया। उसके सिर व हाथ-पैर में गंभीर चोटें आईं, उसके साथी ने इसकी सूचना कंट्रोल रूम में दी। फिर भी उसे ट्रेन चलाने को कहा गया। सिर से खून बहने के बाद भी गाड़ी लेकर फैजाबाद रेलवे स्टेशन पहुंचा।
हालत गंभीर होने पर उसे जिला अस्पताल भेजा गया। वहां से रेलवे के लखनऊ अस्पताल के लिए रेफर कर दिया गया। निर्धारित समय से करीब तीन घंटे लेट चल रही दिल्ली से आ रही कैफियत एक्सप्रेस करीब सात बजे सफदरगंज रेलवे स्टेशन के आउटर पर सिग्नल के इंतजार में खड़ी थी।
इस दौरान ट्रेन का ड्राइवर हरीलाल पाल (58) बाथरूम करने के लिए केबिन से बाहर निकला, तभी वह अचानक इंजन से नीचे गिर गया। ट्रेन में उसके साथ मौजूद डीजल असिस्टेंट सुरेश कुमार ने बताया कि हरीलाल के सिर में गहरा घाव हो गया था। हाथ व पैर में भी चोटें आईं थी।
उन्होंने बताया कि इसकी सूचना कंट्रोल रूम को दी, तो वहां से गाड़ी को फैजाबाद रेलवे स्टेशन लाने का निर्देश मिला। इसके बाद ड्राइवर हरीलाल और वह मिलकर गाड़ी को फैजाबाद सुबह 8:40 बजे लेकर पहुंचे। रेल सूत्रों के अनुसार फैजाबाद पहुंचने पर लहूलुहान ड्राइवर को नीचे उतारने वाला कोई नहीं था, ड्यूटी पर तैनात स्टेशन मास्टर एमएन मिश्र ने घायल ड्राइवर को एंबुलेंस बुलाकर जिला अस्पताल भेजवाया।
सूचना के बाद भी स्टेशन पर मौजूद नहीं रहे अधिकारी
कंट्रोल रूम को सूचना होने के बाद भी ट्रेन के स्टेशन पहुंचने पर न तो रनिंग स्टाफ मौजूद रहा और न ही वरिष्ठ अधिकारी। वहां पहले से मौजूद चिकित्सक रामकृष्ण मूर्ति और आरपीएफ के सिपाही जयचंद और स्टेशन मास्टर ने उन्हें एंबुलेंस में बैठाकर इलाज के लिए अस्पताल ले गए।
इसकी जानकारी डीआरएम लखनऊ को होने के बाद उन्होंने सख्ती दिखाई तो कुछ देर बाद स्टेशन अधीक्षक आरके उपाध्याय, लोको इंस्पेक्टर डीके सिंह व आरपीएफ के कंपनी कमांडर जिला अस्पताल पहुंचे।
घायल ड्राइवर के सिर में कई टांके लगे हैं। उसका एक्स-रे करने के बाद लखनऊ भेज दिया गया। स्टेशन अधीक्षक का कहना है कि घायल ड्राइवर का इलाज कराया गया है। दूसरे ड्राइवर की सहायता से ट्रेन आगे रवाना कर दी गई है।