जोन और जिले में बढ़ी पंजीकृत व्यापारियों की संख्या
फैजाबाद। वस्तु एवं सेवा कर (जीएसटी) लागू होने के बाद व्यापारियों के पंजीकरण की संख्या लगभग दोगुनी तक पहुंच गई है। फैजाबाद जोन के साथ ही जिले में व्यापारियों के पंजीकरण का आंकड़ा बढ़ गया है।
उम्मीद की जा रही है कि इससे सरकार के कोष में राजस्व का आंकड़ा भी पहले से बेहतर होगा। हालांकि ये स्थिति व्यापारियों के ऑनलाइन रिटर्न दाखिल करने के बाद ही स्पष्ट होगी। प्रदेश में जीएसटी एक जुलाई से लागू हुआ था।
मगर वैट से निकलकर जीएसटी के प्रभाव में आने के बाद वाणिज्यकर विभाग की मशीनरी पूरी तरह शिथिल हो गई है। बाजार सामान्य होने का इंतजार है। पुराने स्टॉक को बेचने के लिए समय दिया गया। साथ ही वैट से जीएसटी में नंबर के लिए व्यवस्था की गई है।
बाजार को अपने हाल पर जीएसटी की ओर बढ़ने के लिए छोड़ दिया गया। न तो बाजार में खरीद-बिक्री पर जांच पड़ताल की जा रही है और न ही सड़कों पर माल लाने और ले जाने को लेकर वाणिज्य कर विभाग का सचल दल सक्रिय है। ऐसा शायद ही पहले कभी रहा हो।
मदद के लिए हेल्प डेस्क और व्यापारियों को स्वयं से पंजीकरण कराने के लिए पर्याप्त मौका दिया गया है। पिछले साल 20 लाख रुपये से ज्यादा की सेल करने वाले व्यापारियों को पंजीकरण करना जरूरी है। जुलाई का रिटर्न पांच सितंबर तक दाखिल करने की छूट सरकार ने दी है।
जुलाई के अंतिम दिनों तक जोन में लगभग 56 हजार व्यापारियों ने रजिस्ट्रेशन कराकर जीएसटी नंबर लिया तो फैजाबाद जिले में साढ़े 25 सौ रजिस्ट्रेशन हुए। जिले में प्रतिमाह का औसत 12 से साढ़े 12 सौ रहा है। यही हाल जोन का भी है।
इससे राजस्व बढ़ने की उम्मीद जताई जा रही है। जॉइंट कमिश्नर एसआईबी मारुति शरण चौबे ने बताया कि, जुलाई में पंजीकरण लगभग दोगुने हुए हैं। हालांकि राजस्व का आंकड़ा बाजार सामान्य और रिटर्न दाखिल होने के बाद ही सामने आएगा।