शिलान्यास बार-बार नहीं होता, अब मंदिर निर्माण : विहिप
अयोध्या। कुंभ में परमधर्म सभा के 21 को अयोध्या कूच के एलान पर मुस्लिम पक्षकारों और विहिप ने सवाल उठाया है। मुस्लिम पक्षकारों का कहना है कि ऐसा सिर्फ माहौल खराब करने के लिए किया जा रहा है।
वहीं विहिप ने कहा है कि शिलान्यास बार-बार नहीं होता, राममंदिर का शिलान्यास हो चुका है अब मंदिर निर्माण होना है। इस बीच वहीं, हिंदू पक्षकार निर्मोही अखाड़ा ने भी अयोध्या कूच एवं शिलान्यास पर सवाल उठाया है।
मुस्लिम पक्षकार हाजी महबूब ने कहा कि मामले का मुकदमा कोर्ट में चल रहा है, अदालत जो फैसला देगी वह सबको मानना चाहिए। ऐसे बयानों एवं एलान से माहौल खराब किया जा रहा है।
देश में एक बार फिर 1992 जैसे हालात दोहराने की साजिश हो रही है। मुस्लिम पक्षकार इकबाल अंसारी ने कहा कि मामला सुप्रीम कोर्ट में चल रहा है। अधिग्रहीत क्षेत्र की सुरक्षा की जिम्मेदारी सरकार की है।
शिलान्यास की बात करने वाले कांग्रेस के लोग हैं। यह माहौल खराब करने की साजिश व मोदी-योगी सरकार को बदनाम करने का प्रयास है। अयोध्या मामले के हिंदू पक्षकार महंत दिनेंद्र दास ने कहा कि ज.गु.स्वरूपानंद पहले यह बताएं कि वह कहां शिलापूजन करेंगे।
पूरे देश को पता है कि किसके इशारे पर अयोध्या कूच का एलान किया जा रहा है। अब शिलापूजन नहीं बल्कि राममंदिर निर्माण की आवश्यकता है।
विहिप के प्रांतीय प्रवक्ता शरद शर्मा ने कहा कि राममंदिर का शिलान्यास दलित समाज के कामेश्वर चौपाल द्वारा किया जा चुका है। किसी मंदिर का शिलान्यास बार-बार नहीं होता।
राममंदिर का शिलान्यास हो चुका है अब मंदिर निर्माण होना है। कहा कि अयोध्या कूच राममंदिर निर्माण की प्रक्रिया में बाधा डालने का प्रयास है।