चार राजमार्गों के निर्माण व सौंदर्यीकरण को हरी झंडी
अयोध्या। राजनीतिक फलक पर हमेशा सुर्खियों में रही अयोध्या को उपेक्षा के दंश से बाहर निकालने की चल रही सरकार की कोशिशों में नया आयाम जुड़ने जा रहा है। लोकसभा चुनाव की घोषणा से पहले छह बड़ी परियोजनाओं के प्रस्ताव को केंद्र सरकार ने मंजूरी दे दी है।
इसमें 2511 करोड़ की चार बड़ी परियोजनाओं की लागत भी घोषित कर दी गई, बाकी अयोध्या रिंग रोड व सरयू बैराज की वित्तीय स्वीकृति भी जल्द होने की उम्मीद है। ज्यादातर कार्य पूरा कराने की जिम्मेदारी राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण को सौंपी गई है।
केंद्र और राज्य में भाजपा सरकार आने के बाद से ही अयोध्या के विकास को लेकर गंभीरता से काम शुरू हुए। पहले चरण में रामायण सर्किट योजना से अयोध्या की जरूरतों और पूर्व अधूरी परियोजनाओं की समीक्षा कराई गई।
हालांकि तब सूबे में अखिलेश सरकार ने केंद्र के प्लान से अलग प्रवेश द्वार, सड़क निर्माण, एंफी थियेटर, भक्तों के लिए कई मंदिरों प्रवेश मार्ग पर शेड निर्माण आदि की योजनाएं घोषित की थीं।
योगी सरकार आने के बाद इनमें अनियमितता का आरोप लगाकर नया घाट पर प्रवेश द्वार जस का तस छोड़ दिया गया है। इसे गिराकर बड़े द्वार बनाने की योजना अभी मूर्त रूप नहीं ले सकी है। एंफी थिएटर का काम ठप हो गया।
मुख्यमंत्री बनने के बाद योगी आदित्यनाथ ने वर्ष 2017 में दीपावली से पहले यहां 133 करोड़ की योजनाओं की आधारशिला रखी थी। इसमें गुप्तारघाट के विकास, रामकथा गैलरी, राम की पैड़ी, पंचकोसी मार्ग, लक्ष्मण घाट, दूरिस्ट सेल्टर आदि कार्यों में आधे से ज्यादा पूरे हो चुके हैं।
आधुनिक बस अड्डा भूमि की दिक्कतों से फंसा है। योगी सरकार से दूसरी दिवाली पर भी इस बार 177 करोड़ का तोहफा मिला था। इसमें क्वीन हो स्मारक, रामकथा पार्क, राम की पैड़ी, विद्युतीकरण, पैड़ी के अविरल प्रवाह, पशुशालाओं आदि के काम घोषित किए गए हैं।
एनएचआई के महाप्रबंधक राजीव अग्रवाल ने बताया कि अब केंद्र सरकार की ओर से 55.27 करोड़ से 15.970 किमी. लखनऊ-अयोध्या फोरलेन हाई-वे का अयोध्या शहर क्षेत्र सौंदर्यीकरण से जगमगाने की योजना है।
1081.48 करोड़ से ग्रीन फील्ड इलाइमेंट विकसित करने के लिए 49 किमी. अयोध्या-वाराणसी मार्ग पर अयोध्या-अकबरपुर भाग में फोरलेन सड़क निर्माण होगा। इससे सीधे अकबरपुर जाम से मुक्ति के साथ तरक्की का नया द्वार खुलेगा।
478 करोड़ से 43.760 किमी. रामवन गमन मार्ग अयोध्या-चित्रकूट खंड का निर्माण होना है, जबकि 896.22 करोड़ से 91.150 किमी. अयोध्या की 84 कोसी परिक्रमा मार्ग का निर्माण कर बीकापुर, इनायतनगर, रुदौली, अलियापुर व मूर्तिघाट समेत तमाम धार्मिक स्थलों के लिए बेहतर मार्ग बनेगा।
इन परियोजनाओं को मिली केंद्र सरकार की संस्तुति
-55.27 करोड़ से 15.970 किमी. लखनऊ-अयोध्या फोर लेन हाइवे के अयोध्या सिटी क्षेत्र का सौंदर्यीकरण।
-1081.48 करोड़ से 49 किमी. अयोध्या-वाराणसी मार्ग पर अयोध्या-अकबरपुर भाग में फोरलेन सड़क निर्माण।
-478 करोड़ से 43.760 किमी. रामवन गमन मार्ग अयोध्या-चित्रकूट खंड का निर्माण।
-896.22 करोड़ से 91.150 किमी. अयोध्या की 84 कोसी परिक्रमा मार्ग का निर्माण।
इन परियोजनाओं की जल्द मिलेगी वित्तीय स्वीकृति
- फोर लेने अयोध्या रिंग रोड
- सरयू नदी पर वैराज निर्माण
परियोजनाओं के लाभ
-अयोध्या का चित्रकूट धाम व अंबेडकरनगर तक सीधा संपर्क।
-84 कोसी परिक्रमा के श्रद्धालुओं को सुविधाजनक यात्रा।
-रिंग रोड के बनने से अयोध्या में ट्रैफिक जाम व प्रदूषण से राहत।
-वैराज निर्माण से अयोध्या के घाटों व राम की पैड़ी में निरंतर जल प्रवाह।
-वर्तमान राजमार्ग का सौंदर्यीकरण।
-आर्थिक विकास व रोजगार में वृद्धि।
एनएचआई के महाप्रबंधक राजीव अग्रवाल ने बताया कि अयोध्या की तस्वीर बदलने के लिए यहां 8 फरवरी को जीआईसी मैदान में प्रस्तावित कार्यक्रम के मुख्य अतिथि केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी होंगे, जबकि अध्यक्षता मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ करेंगे। कार्यक्रम बतौर अमेठी सांसद कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष राहुल गांधी को भी न्योता भेजा जा रहा है।
शिलान्यास के लिए तैयार होने मंच के बैनर पर दर्ज नामों में उपमुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्या, सांसद लल्लू सिंह, हरिओम पांडेय, बृजभूषण शरण सिंह, कु. हरिवंश प्रताप सिंह, विनोद सोनकर, भैरो प्रसाद मिश्रा, हरीष द्विवेदी, कीर्तिवर्धन सिंह, वरुण गांधी समेत इलाके के विधायकों व विधान परिषद सदस्यों के नाम दर्ज हैं।