जिले में मिल्कीपुर व रुदौली तहसील क्षेत्र के दो गांवों में आग लगने से कुल 17 मकान राख हो गए। मिल्कीपुर तहसील क्षेत्र के एक गांव में लगी आग ने 10 परिवारों की गृहस्थी को जलाकर राख कर दिया। आग की चपेट में आने से एक भैंस भी बुरी तरह झुलस गई। पीड़ितों का सब कुछ जलकर राख हो गया है।
वहीं रुदौली तहसील के गड़रिया का पुरवा मजरे मटौली गांव में शुक्रवार को लगी आग से सात गरीब परिवारों के मकान जलकर राख हो गए। मौके पर पहुंचे अग्निशमन दल व ग्रामीणों की मदद से काफी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया जा सका। आग लगने के कारणों का पता नहीं चल सका है। तहसील प्रशासन व राजस्व अधिकारियों ने मौके पर पहुंच कर क्षति आकलन की रिपोर्ट तैयार की है।
मिल्कीपुर तहसील क्षेत्र के ग्राम बसवार खुर्द के कोलहल पुरवा में शुक्रवार की शाम लगभग पौने चार बजे आग गई। ग्रामीणों ने बताया कि गांव के श्यामलाल के घर से लगी आग ने देखते ही देखते विकराल रूप धारण कर लिया। आग इतनी विकराल थी कि ग्रामीणों को संभलने का मौका ही नहीं मिला।
ग्रामीण अपना कोई भी सामान आग से बचा नहीं सके और देखते देखते 10 मकान पूरी तरह जलकर राख हो गए। दलित मुकेश कुमार की एक भैंस बुरी तरह झुलस गई है। आग को बुझाने के लिए फायर ब्रिगेड की गाडी़ आई लगी लेकिन तब तक लोगों का सब कुछ तबाह हो चुका था।
मौके पर पुलिस और फायर ब्रिगेड की गाड़ी लगी हुई है। हालांकि देर शाम तक आग पर काबू पाने का प्रयास जारी रहा। आग की चपेट में आने से राम पियारे, श्यामलाल, भगौती, मुकेश कुमार, सुरेश कुमार, नीमर, मनीराम, रामबहादुर, राजितराम की पूरी गृहस्थी जलकर राख हो गई। वहीं कृष्ण कुमार पुत्र राम बदल का आंशिक नुकसान हुआ है।
उधर रुदौली तहसील के पटरंगा थाना क्षेत्र के गड़रिया का पुरवा मजरे मटौली गांव में शुक्रवार दोपहर लगभग दो बजे अचानक आग लग गई। आग की लपटें अंबिका प्रसाद के घर से उठती हुई दिखाई दीं। जब तक हल्ला गुहार होता तब तक आग ने विकराल रूप घारण कर लिया।
इस बीच कोटेदार रामकेवल ने अग्निशमन दल को सूचना दी और ग्रामीण आग पर काबू पाने के प्रयास में जुट गए लेकिन हवा के झोकों के साथ आग की लपटों ने एक-एक कर सात छप्परनुमा घरों को अपने आगोश में ले लिया। कुछ ही समय बाद पहुंचे अग्निशमन दल ने ग्रामीणों की मदद से आग पर काबू पाया लेकिन तब तक सब कुछ जलकर राख हो चुका था।
चपेट में आने से मालिकराम, अंबिका प्रसाद, बब्बन प्रसाद, सियाराम, सतीश कुमार, फूलचंद व गांव के कोटेदार रामकेवल का भी मकान जल कर राख हो गया। छप्परनुमा घरों में रखा गरीबों का गेहूं, चावल, धान, चारपाई, पंपिंग सेट, कपड़े सहित गृहस्थी का सारा सामान आग की भेंट चढ़ गया। अब पीड़ितो के सामने रहने और खाने का संकट उत्पन्न हो गया है। तहसीलदार ज्ञान चंद गुप्ता ने बताया कि मौके पर हल्का लेखपाल सत्यप्रकाश पाठक को भेजा गया है।