जसवंतनगर। चार माह से वेतन न मिलने से नाराज पालिका कर्मियों ने शनिवार को हड़ताल कर दी। पालिका परिसर में ही धरने पर बैठकर एनपीएस कटौती में हेराफेरी व अफसरों पर कमीशनखोरी का आरोप लगाया।
शनिवार सुबह से ही 150 कर्मचारियों ने ईओ के खिलाफ मोर्चा खोल दिया। स्वायत्त शासन कर्मचारी यूनियन के स्थानीय अध्यक्ष राधारमन यादव ने कहा कि ये हड़ताल वादाखिलाफी के विरोध में है। वेतन से एनपीएस की कटौती तो कर ली गई, लेकिन योजना में जमा नहीं की गई।
यूनियन की ओर से चार दिन पहले ही हड़ताल पर जाने का नोटिस दिया गया था लेकिन मांगों पर सुनवाई नहीं हुई। हड़ताल में स्थायी व संविदा कर्मचारी शामिल हैं। अध्यक्ष ने बताया कि कर्मचारियों को करीब चार महीनों का वेतन नहीं मिला है। परिवार का भरण पोषण करना मुश्किल हो गया है। जबकि पालिका के अंदर धड़ल्ले से कमीशनखोरी चल रही है।
नेशनल पेंशन योजना (एनपीएस) के तहत 14 कर्मचारियों के वेतन से 13 महीनों की किस्त काट ली गई, लेकिन रकम योजना में जमा नहीं की गईं। आंदोलित कर्मचारियों ने एसडीएम रितुप्रिया को ज्ञापन दिया। प्रसपा महासचिव और पूर्व सभासद राजीव यादव और पूर्व पालिकाध्यक्ष श्रीपति यादव ने कर्मचारियों को पूर्ण समर्थन देने की घोषणा की और दोनों नेता कई सभासदों के साथ धरने पर भी बैठ गए।
राजीव यादव ने कहा कि कर्मचारियों की जायज मांगों के लिए उनका साथ दे रहे हैं। धरने में यूनियन के मंत्री कुलदीप कुमार, विश्वनाथ प्रताप सिंह सोनू, नवनीत कुमार, जय शिव बाल्मीकि, निशार खान, लाल कुमार, सुरजीत सिंह, सुभाष चंद्र, कविता, फूलवती आदि मौजूद रहे।
कर्मचारियों की सभी मांगें मान ली गईं हैं। 20 अक्तूबर तक कर्मचारियों का वेतन भुगतान कर दिया जाएगा। उन्होंने हड़ताल समाप्त कर दी है। आरोप निराधार हैं। - रामेंद्र सिंह, ईओ नगर पालिका जसवंतनगर।