जसवंतनगर। आशा की लापरवाही से प्रसूता को निजी अस्पताल लेकर पहुंचने पर हालत बिगड़ गई। बाद में सैफई मेडिकल कॉलेज ले जाते समय महिला ने रास्ते में दम तोड़ दिया। परिजनों ने आशा पर लापरवाही का आरोप लगाया है।
प्रदीप कुमार निवासी मोहल्ला कटरा खूबचंद ने बताया कि रविवार दिन में आशा ने उसकी पत्नी मधु (21) को प्रसव पीड़ा के होने पर सीएचसी जसवंतनगर ले गई थी। जहां अस्पताल से उससे 75 रुपये वसूलकर एक गोली दी गई, जिससे उसकी पत्नी की हालत बिगड़ गई। उसे बताया गया कि उसका ब्लड प्रेशर बढ़ गया है, किसी अच्छे डॉक्टर के पास लेकर जाओ। वह अपनी पत्नी को लेकर यहां कैस्त स्थित एक अस्पताल ले गया। वहां डॉक्टर ने उसे सैफई ले जाने की सलाह दी। जबकि आशा ने जबरिया उसे शहर के एक निजी अस्पताल ले गई। जहां का खर्चा उसने 13 हजार रुपये बताया था और कहा था कि वहां जच्चा-बच्चा स्वस्थ हो जाएंगे।
आशा बहू की इस बात पर वह एक अस्पताल ले गए, जहां इलाज दौरान पत्नी की हालत और ज्यादा बिगड़ गई। वह जब तक सैफई लेकर पहुंचता उसकी मौत हो गई। पति प्रदीप कुमार ने आरोप लगाया है कि आशा लापरवाही न देती और सीएचसी में डॉक्टर ध्यान देते तो उसकी पत्नी की मौत नहीं होती। मृतका मधु के मायके वाले बिहार के निवासी बताये गये हैं, जिन्हें सूचना दी गई है। प्रभारी निरीक्षक मुकेश सोलंकी ने बताया कि किसी प्रकार की कोई सूचना नहीं मिली, ना ही तहरीर प्राप्त हुई है।