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Etawah News: बुंदेलखंड एक्सप्रेसवे पर ककराई गांव के पास औद्योगिक गलियारा बनने की उम्मीद

Fri, 26 Jan 2024 02:16 AM IST
कानपुर ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, इटावा
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ताखा। ताखा और भरथना क्षेत्र के 104 हेक्टेयर जमीन पर औद्योगिक गलियारा बनने की उम्मीद है। इसे लेकर यूपीडा की टीम ने बुधवार को अधिग्रहण की जाने वाली जमीन का ककराई गांव के पास निरीक्षण किया। उन्होंने किसानों ने भी जानकारी जुटाई। हालांकि ढकपुरा और ककराई गांव के बीच से निकली एचपीसीएल की पाइप लाइन अधिकारियों के लिए परेशानी बनी है। इसे लेकर यूपीडा के अधिकारी एचपीसीएल के अधिकारियों से वार्ता कर रहे हैं।
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ताखा क्षेत्र की ग्राम पंचायत ककराई में बुधवार को यूपीडा के डिप्टी कलेक्टर संजय चावला व टाउन प्लानर केके अस्थाना ने सर्वे किया। साथ ही वहां से गुजरने वाली लोकल मार्ग, तालाब, मकान व हाईटेंशन बिजली लाइनों के बारे में जानकारी जुटाई। ढकरा और ककराई गांव के बीच निकली एचपीसीएल की गैस पाइपलाइन को लेकर कंपनी के अधिकारियों से मौके से ही वार्ता की। एचपीसीएल के अधिकारियों ने बताया कि कंपनी की गाइडलाइन के अनुसार पाइपलाइन वाली जमीन पर निर्माण कार्य नहीं किया जा सकता है। यूपीडा के अधिकारियों ने पाइपलाइन वाली जगह के पास से ही निकली नाले की जमीन देखकर भी संभावना तलाशी। निरीक्षण के दौरान एसडीएम देवेंद्र पांडे भी मौजूद रहे।



सैफई नहीं, भरथना और ताखा की जमीन के लिए प्रस्ताव बना

बुंदेलखंड एक्सप्रेसवे के कन्नौज-इटावा मार्ग पर बने ककराई कट के आसपास भूमि का प्रस्ताव यूपीडा को भेजा गया है। इसमें ताखा तहसील के 133 किसानों की 51.9 हेक्टेयर भूमि को मिलाकर 60 हेक्टेयर भूमि उपयोगी है। वहीं, लगभग छह हेक्टेयर भूमि वन विभाग की है। शेष भूमि ऊसर, बंजर, सडक, नाला आदि की है। वन विभाग की जमीन का स्थानांतरण भी कर दिया। हालांकि जमीन भरथना तहसील के ढकपुरा गांव के आसपास की है। एसडीएम ताखा देवेंद्र कुमार पांडेय ने बताया कि यूपीडा के अधिकारियों को जमीन पसंद है, लेकिन पाइपलाइन समस्या बनी हुई है। एचपीसीएल के अधिकारियों से बात हुई है। जमीन को अधिग्रहण किया जाता है तो उसे निर्माण कार्य में उपयोग न करके अन्य किसी कार्य के प्रयोग में लिया जा सकता है या अधिग्रहण से बाहर भी किया जा सकता है। बता दें कि शुरुआत में सैफई तहसील क्षेत्र में जमीन देखी गई थी, लेकिन सभी मानक पूरे न होने की वजह से उसे पूरा नहीं कराया गया।
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