फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

आत्महत्या के लिए प्रेरित करने पर पति को सात साल की सजा

विज्ञापन
विज्ञापन
इटावा। अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश फास्ट ट्रैक कोर्ट प्रथम नीरज कुमार गर्ग ने आत्महत्या के लिए उकसाने के मामले में दोषी पति को सात साल की सजा सुनाई है। पांच हजार रुपये का अर्थदंड भी लगाया है।
विज्ञापन

जिला शासकीय अधिवक्ता शिव कुमार शुक्ला व अपर जिला शासकीय अधिवक्ता तरुण कुमार शुक्ला ने बताया कि सुरजन सिंह ने 10 अक्तूबर 2013 को सिविल लाइन थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई थी। बताया था कि उसने बहन मंजू की शादी 10 साल पूर्व क्षेत्र के गांव जैनपुर नागर निवासी सतेंद्र सिंह के साथ की थी।
आरोप लगाया कि शादी के बाद मंजू के ससुराली ट्रैक्टर के लिए दो लाख रुपये की मांग करने लगे। मांग पूरी न होने पर मंजू का उत्पीड़न शुरू कर दिया। मारपीट कर उसकी हत्या कर दी और शव को फंदे पर लटका दिया।
विज्ञापन

पुलिस ने शव का पोस्टमार्टम कराया। सुरजन की तहरीर पर पुलिस ने पति सतेंद्र सिंह व ससुर सुरेंद्र के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कर छानबीन की। विवेचना के बाद पुलिस ने दोनों के खिलाफ आत्महत्या के लिए उकसाने की धारा में आरोपपत्र दाखिल किया। मामले की सुनवाई के बाद अपर सत्र न्यायाधीश फास्ट ट्रैक कोर्ट प्रथम ने सजा सुनाई है। ससुर को बरी कर दिया गया है।
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें