इकदिल थाना क्षेत्र के गांव कांकरपुरा में वारंटी को पकड़ने गई पुलिस पर उसने व उसके परिजनों ने फायरिंग कर दी। जिसमें पुलिस किसी तरह बची। बाद में सूचना पाकर आसपास थानों की फोर्स मौके पर पहुंची। पुलिस का दबाव बढ़ता देख फायरिंग करने वाले भाग निकले। बाद में पुलिस ने वारंटी को पकड़ लिया। पुलिस को उसके पास से एक लाइसेंसी रायफल व दो तमंचा, कारतूसों के अलावा चोरी का तार बरामद हुआ है। पुलिस ने आवश्यक कार्रवाई के बाद उसे जेल भेज दिया।
गांव कांकरपुरा निवासी मधुर कुमार चौधरी पुत्र विमलेश कुमार उर्फ मिथलेश कुमार का कोर्ट से किसी मामले में वारंट था। उसकी गिरफ्तारी के लिए दरोगा विकास कुमार हमराह फोर्स के साथ गांव गए थे। रविवार रात पुलिस जब उसके दरवाजे पर पहुंची और मधुर को तलाश किया तो उसने व उसके परिजनों ने पुलिस पर फायरिंग कर दी।
फायरिंग से पुलिस के हाथ पांव फूल गए और दीवार की ओट लेकर अपना बचाव किया। बाद में दरोगा ने इसकी सूचना थानाध्यक्ष आलोक राय को दी। सूचना पर वह और पुलिस कर्मियों के साथ मौके पर पहुंचे, लेकिन मधुर के घर से फायरिंग बंद नहीं हुई। पुलिस पर फायरिंग की सूचना मिलने पर लवेदी फ्रेड्स कालोनी के अलावा अन्य थानों का पुलिस मौके पर पहुंचा। पुलिस का दबाव बढ़ता देख फायरिंग करने वाले भाग निकले। इसके बाद पुलिस ने वारंटी मधुर को दबोच लिया। उसके घर की तलाशी के दौरान पुलिस को एक लाइसेंसी रायफल, दो 315 बोर का तमंचा, 35 खोखा व 11 जिंदा कारतूस के अलावा चोरी का सामान बरामद हुआ है। एसओ आलोक राय ने बताया मधुर को गिरफ्तार कर लिया गया है, जबकि संजीव चौधरी, आशीष चौधरी व अंकित चौधरी भाग जाने में सफल रहे। उनकी तलाश की जा रही है।