बकेवर एसओ से शिकायत करने पहुंची महिला खाताधारक।
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ग्राम बिजौली में एक वर्ष पूर्व खुले बैंक आफ बड़ौदा के एफआई (फाइनेंशियल इंक्लूजियर केंद्र) के उपभोक्ताओं ने पासबुक पर इंट्री के बाद भी खातों में रुपये जमा न होने का आरोप लगाया है। बकेवर थाना पुलिस से की गई शिकायत में उन्होंने बताया कि केंद्र में रखे गए प्रभारी और सहायक उनके रुपये लेकर फरार हो गए हैं। शाखा प्रबंधक का कहना है कि शिकायत को आरएम के पास भेजा जा रहा है।
बैंक के खाताधारक ग्राम गुलाबपुरा निवासी सीता देवी पत्नी सुधीर, सीमा देवी पत्नी दाताराम, तारावती पत्नी कृपाराम ने बकेवर थाना पुलिस को दिए प्रार्थनापत्र में बताया कि एक वर्ष पूर्व बिजौली गांव में बैंक आफ बड़ौदा का केंद्र खुला था। जिसमें प्रभारी के रूप में उनके गांव का ही हरिश्चंद्र और परसूपुरा गांव का एक युवक काम करते थे। शाखा में खुलवाए खाते में उन्होंने काफी रुपये जमा किए थे। बिजौली स्थित शाखा के करीब एक माह से बंद होने पर जब वह रुपये निकालने इटावा स्थित बैंक की मुख्य शाखा गए तो पता चला की उनके खाते में रुपये जमा ही नहीं हुए। सीता देवी ने बताया कि उन्होंने 15 हजार रुपये जमा किए थे। सीमा देवी ने 17,515 रुपये और तारावती ने 10 हजार रुपये जमा किए थे। उनकी पासबुक पर तो रुपये की इंट्री है लेकिन खाते में पैसे जमा ही नहीं हुए। शाखा का संचालक काफी दिन से गायब है।
इस संबंध में इटावा स्थित बैंक की मुख्य शाखा के प्रबंधक एल आर सागर ने बताया कि बिजौली में बैंक का एफआई केंद्र खोला गया था। जिसमें वहीं के दो बेरोजगार युवकों को निश्चित मानदेय पर रखा गया था। यहां जीरो बैलेंस पर खाते खोले गए। कुछ लोगों की धनराशि खाते में जमा नहीं हुई। केंद्र प्रभारी ने बैंक की स्लिप पर धनराशि जमाकर पासबुक में एंट्री कर गड़बड़ी कर दी। उन्होंने बताया कि शिकायत को आरएम के पास भेजा जा रहा है।
वहीं थानाध्यक्ष बकेवर भोलू सिंह भाटी ने बताया कि प्रार्थनापत्र मिले हैं। पूरे मामले की जांच की जा रही है। बैंक की मुख्य शाखा के प्रबंधक से जानकारी एकत्र की जा रही है।