अहेरीपुर-महेवा मार्ग पर दो साथियों संग वाहनों की चेकिंग कर रहे फर्जी आईएएस को पुलिस ने दबोच लिया। उसके पास से बिना नंबर की क्रेटा कार भी बरामद हुई। इटावा के ही रहने वाले फर्जी आईएएस ने खुद को गुजरात की एक प्राइवेट कंपनी का इंजीनियर बताया है।
पुलिस को गुरुवार को सूचना मिली कि कुछ लोग अहेरीपुर-महेवा मार्ग पर अपनी कार खड़ी करके वाहनों के कागजात चेक कर रहे हैं। थानाध्यक्ष आलोक राय पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे। पुलिस को देख ये लोग भागने लगे तो पीछा कर पुलिस ने तीनों लोगों को दबोच लिया। इनकी कार भी कब्जे में ले ली।
पूछताछ में फर्जी आईएएस इटावा के निबाड़ीकला निवासी शैलेश चौहान पुत्र रघुपत सिंह ने अपने को इंजीनियर बताया। उसने बताया कि वह गुजरात में एक प्राइवेट सेक्टर की कंपनी में कार्यरत है। इसके साथ पुलिस ने औरैया के बिधूना निवासी भूपेंद्र प्रताप सिंह पुत्र वीरवल भद्र सिंह सेंगर और भिंड के किसूपुरा निवासी राजा सिंह भदौरिया पुत्र मनोज सिंह भदौरिया को पकड़ा है। पुलिस तीनों से पूछताछ कर रही है।