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पुरानी रंजिश को लेकर दलित की धारदार हथियारों से हत्या

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अमर उजाला ब्यूरो
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चकरनगर।
बिठौली थाना क्षेत्र के बिड़ौरी गांव में पुरानी रंजिश को लेकर खेत पर चारा लेने गए व्यक्ति की धारदार हथियारों से हत्या कर दी गई। वारदात को अंजाम देने के बाद आरोपी भाग निकले। जानकारी होने पर गांव के लोग मौके पर पहुंचे। लहूलुहान व्यक्ति को जिला अस्पताल लाए जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। इस घटना से गांव में दहशत का माहौल है। सुरक्षा के मद्देनजर गांव में पुलिस बल को तैनात किया गया है। भाई की तहरीर पर पुलिस ने गांव के तीन लोगों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज की है।
बिड़ौरी गांव निवासी तेज सिंह की अपने ही गांव के रामवीर सिंह से पुरानी रंजिश चल रही थी। राजावत परिवार के लोगों ने तेज सिंह के पिता की वर्ष 2006 में गोली मारकर हत्या कर दी थी। इस मामले में चार लोगों को नामजद किया गया था। जिसमें तीन अदालत से बरी हो गए थे। रामवीर के भाई बिहारी सिंह को उम्रकैद की सजा हो गई थी। इसके बाद दोनों में रंजिश और बढ़ गई थी। शुक्रवार को तेज सिंह अपने खेतो पर चारा लेने गया था। तभी घात लगाकर उसके ऊपर धारदार हथियारों से हमला बोल दिया। तेज सिंह लहूलुहान होकर गिर पड़ा। जानकारी मिलने पर गांव व परिवार के लोग मौके पर पहुंचे और तेज सिंह को जिला अस्पताल ले गए। एसओ विनोद यादव मय फोर्स के मौके पर पहुंचे। पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। मृतक के भाई विजय बहादुर की तहरीर पर पुलिस ने राम वीर, सौरभ, जयवीर सिंह के खिलाफ हत्या व दलित उत्पीड़न की धाराओं में रिपोर्ट दर्ज की है। पुलिस आरोपियों को गिरफ्तार करने के प्रयास में लगी है। एसएसपी वैभव कृष्ण ने बताया ने पुरानी रंजिश में हत्या की गई है। आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए दो टीमें लगाई गई हैं। जल्द ही उन्हें गिरफ्तारकर लिया जाएगा।
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वर्चस्व को लेकर दस साल से चल रही रंजिश
इटावा (ब्यूरो)। बिड़ौरी गांव में वर्चस्व को लेकर दोंनों पक्षों मे दस साल सें रंजिश चल रही थी। तेज सिंह के पिता मनसुख लाल ने वर्ष 2006 में गांव में एक पंचायत की थी। यह बात गांव के ठाकुर लोगों को नागवार गुजरी कि दलित जाति का व्यक्ति उनके गांव में पंचायत कर रहा है। इसी बात को लेकर विवाद हुआ। बाद में उनकी गांली मार कर हत्या कर दी गई। इस संबंध में गांव के चार लोगों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई गई थाी। जिसमें से तीन लोग बरी हो गए जबकि एक को उम्र कैद की सजा सुनाई गई। सजा होने के बाद दुश्मनी और बढ़ गई। इसी का परिणाम तेज सिंह की हत्या रहा।
क्षेत्र के गांव बिड़ौरी में दलित समाज से ताल्लुक रखने वाले मनसुख लाल का क्षेत्र में अच्छा प्रभाव था। लोग उन्हें किसी प्रकार का विवाद होने पर पंचायत में बुलाते थे। वर्ष 2006 में गांव में दो पक्षों में विवाद हो गया। जब वह मामले की निपटाने के बाद निकल रहे थे तभी उनका गांव के बिहारी व रामवीर सिंह से विवाद हो गया। दोनों ने कहा कि वह ज्यादा पंचायतें करने लगा है। इसकी विवाद को लेकर मनसुख लाल की गोली मारकर हत्या कर दी गई। इसमें बिहारी सिंह राजावत उनके भाई राम वीर सिंह, थान सिंह व जमादार सिंह के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई गई थी। लेकिन सबूतों के अभाव में बाकी लोगों को तो कोर्ट ने बरी कर दिया जबकि बिहारी सिंह को उम्रकैद की सजा हो गई। इस मामले में तेज सिंह ने काफी पैरवी की थी। बिहारी को सजा होने के बाद रंजिश बढ़ गई थी। बताया गया है कि शनिवार की शाम को जब तेज सिंह अपने खेता पर चारा लेने के लिए गया था तभी उसका रामवीर आदि से विवाद हुआ। इसी विवाद के चलते राम वीर ने अपने साथियों के साथ उस पर धारदार हथियारों से हत्या कर दी गई। आरोपियों के बाहर होने के कारण परिवार के लोग भी दहशत में है।

भाई व बड़ा पुत्र महाराष्ट्र में कर रहे नौकरी
जब मनसुख लाल की हत्या कर दी गई तो उसके बाद से मृतक तेज सिंह का भाई नौकरी करने के लिए रत्नागिरि महाराष्ट्र चला गया था। इसके बाद तेज सिंह का बड़ा पुत्र सुभाष भी नौकरी करने के लिए अपने चाचा के पास चला गया। तेज सिंह का दूसरा पुत्र छोटू भिंड में रहकर पढ़ रहा है। जबकि तीन छोटे पुत्र गांव में ही रहकर पढ़ाई कर रहे हैं। तेज सिंह ने अपनी दोनों पुत्रियों को शादी कर दी है।
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सुरक्षा के लिए एसडीएम को दिया ज्ञापन
पोस्टमार्टम हाउस पर मौजूद परिजन अपनी व परिवार के लोगों की सुरक्षा को लेकर काफी परेशान थे। जानकारी मिलने पर लखना के बसपा के पूर्व विधायक भीम राव अंबेडकर भी मौके पर पहुंचे। वहां मौजूद समाज के लोग सुरक्षा के लिए डीएम को ज्ञापन देने जाने थे तभी जानकारी मिलने पर एसडीएम सदर सुभाष प्रजापति मौके पर पहुंचे और परिजनों से मुलाकात की। मृतक के भाई विजय बहादुर ने उन्हें सुरक्षा के लिए ज्ञापन दिया। इस पर उन्होंने वहां मौजूद एसओ बिठौली विनोद यादव को परिजनों को सुरक्षा देने के निर्देश दिए।

- पुरानी रंजिश में दलित की धारदार हथियाराें से हत्या
- मृतक के भाई की तहरीर पर गांव के तीन लोगों के खिलाफ रिपोर्ट
- सुरक्षा की दृष्टि से गांव में पुलिस तैनात






















फोटो नंबर 36 एवं 37- बिड़ौरी गांव में तेज सिंह की हत्या के बाद शोकमग्न परिवार की महिलाएं एवं घर के बाहर तैनात पुलिस बल।
फोटो नंबर 38- पोस्टमार्टम हाउस के बाहर मौजूद तेज सिंह एवं भाई विजय बहादुर एवं अन्य।
फोटो नंबर 39- एसडीएम सुभाष चंद्र प्रजापति से मिलते बिड़ौरी गांव के लोग।
फोटो नंबर 40- मृतक तेज सिंह का पुत्र नीरज।
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