इटावा। एक ओर प्रदेश में कोरोना संक्रमण बढ़ता जा रहा है और सरकार भी कोरोना को लेकर गाइड लाइन जारी कर चुकी है। सरकार के निर्देश हैं कि लोग मास्क लगाकर अस्पताल जाएं। इसके बावजूद जिला अस्पताल में ज्यादातर लोग बिना मास्क लगाए घूमते दिखाई दे रहे हैं।
जिला अस्पताल में खांसी, जुकाम और बुखार के मरीज ही ज्यादा आ रहे हैं। इसके बाद भी जिला अस्पताल का स्टाफ, डॉक्टर भी बिना मास्क के दिखाई पड़ रहे हैं। यही हाल ज्यादातर मरीजों का भी है, वह भी बिना मास्क के दिखाई पड़ रहे हैं। हालांकि बाल रोग चिकित्सक ही सतर्कता बरतते हुए मास्क लगाकर बच्चों का स्वास्थ्य परीक्षण कर रहे हैं।
जिला अस्पताल में रोजाना करीब एक हजार की ओपीडी हो रही है। फिजिशियन भी मरीजों को मास्क लगाने की सलाह दे रहे हैं। जिन मरीजों को लंबे समय से खांसी, बुखार और जुकाम है उनकी कोरोना जांच कराई जा रही है। डॉ.शांतनु निगम का कहना है कि मरीजों से बार- बार कहा जा रहा है कि मास्क लगाकर आएं लेकिन फिर भी बिना मास्क आ रहे हैं। जिन मरीजों की कोरोना जांच लिखते हैं, ज्यादातर जांच रिपोर्ट तक नहीं दिखाते।
वर्जन
पूरे स्टाफ को मास्क पहनकर ही मरीज देखने के निर्देश दिए गए हैं। यदि फिर भी कोई इसका पालन नहीं कर रहा है तो उससे स्पष्टीकरण तलब किया जाएगा। साथ ही मरीजों को मास्क पहनने के लिए जागरूक कर रहे हैं।-एमएम आर्या, सीएमएस