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Etawah News: अन्हैया और यमुना नदी उफान पर, ढाई हजार बीघा फसल डूबी

Wed, 19 Jul 2023 11:38 PM IST
कानपुर ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, इटावा
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फोटो 12::::: नगला दयाली गांव में किनारे रखी झोपड़ी तक पहुंचा पानी। संवाद
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फोटो फोटो 13:::::संपर्क मार्ग पर पानी भरने से उसमें घुसकर जाते लोग। संवाद







- भरथना क्षेत्र में संपर्क मार्ग पर पानी भरने से चार गांवों का आवागमन भी बाधित



संवाद न्यूज एजेंसी

इटावा/भरथना। कभी किसानों और ग्रामीणों के लिए मददगार बनीं नदियां अब उनके लिए कहीं आफत तो कहीं नदियां खुद अपने वजूद के लिए लड़ रही हैं। लगातार बारिश के बीच जहां अन्हैया नदी उफान पर है। ऐसे में भरथना क्षेत्र के करीब 18 गांवों की 2500 बीघा फसल जलमग्न है। ऐसे में किसानों की धान की पौध के साथ अन्य फसलें भी खराब होने की संभावना है। इससे किसान परेशान हैं। वहीं सैफी का संपर्क मार्ग भी जलमग्न है। इससे चार गांवों के लोगों आवागमन प्रभावित है। वहीं यमुना नदी भी चेतावनी प्वाइंट पार कर चुकी है। उधर, जसवंतनगर क्षेत्र की सिरसा नदी लारवाही के चलते नाले का रूप ले चुकी है।



बरसाती नदी अन्हैया लगातार हो रही बारिश से नदी उफनाने से कई हजार बीघा जमीन जलमग्न है। कुछ गांव के किनारे तक अन्हैया नदी का पानी पहुंच गया है। संपर्क मार्ग पर पानी भरने से चार गांव का आपस मे आना जाना बाधित हो गया। अन्हैया नदी का जलस्तर लगातार बढ़ने से किनारे स्थित गांव के लोग भयभीत हैं।
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सैफी, सिन्हुआ ग्राम पंचायत क्षेत्र से गुजरी अन्हैया नदी का जल स्तर पिछले 10 दिनों से लगातार बढ़ने से सैफी ग्राम पंचायत के नौ गांव की लगभग डेढ़ हजार बीघा जमीन पानी भर गया है। सिन्हुआ के लगभग नौ गांव की एक हजार बीघा खेत जलमग्न हैं। इसी प्रकार सिन्हुआ ग्राम पंचायत के आधा दर्जन से ज्यादा गांव प्रभावित बने हुए हैं। किसानों के कहना है सामान्य दिनों से लगभग 15 फुट उफान पर आए अन्हैया नदी का जल स्तर दिनों दिन बढ़ रहा है।
यही हाल रहा तो जल्द ही गांवों में भी पानी घुस जाएगा। वहीं सैफी, नगला रतन, अर्जुनपुर व नगला पतू के संपर्क मार्ग पर पानी भरने से एक दूसरे गांव में आना जाना बाधित हो गया है। वहीं जसवंतनगर की सिरसा नदी देखरेख के अभाव में नाले का रूप ले चुकी है। गंदगी की ढेर लगा होने से बदबू आती है। नदी की पटरी पर कब्जा हो चुका है।


प्रभावित गांव


सैफी ग्राम पंचायत के तहत सैफी, दौलतपुर, टिकुरिया, जगपुरा, कटैया, नगला रतन, मोचिन व नगला पतू, गांव प्रभावित हैं। सिउंआ ग्राम पंचायत के गेहरुआ, नगला दयाली, नगला भिक्खी, कोठी व अठ्ठाइशा आदि गांव के खेत की जमीन जलमग्न है। नगला दयाली आदि कुछ गांव के किनारे अन्हैया नदी का पानी पहुंच गया है।





ग्रामीण ने बताईं दुश्वारियां






फोटो 15- नगला दयाली (सिन्हुआ) गांव निवासी भूपाल सिंह ने बताया कि अन्हैया नदी का पानी गांव को छू रहा है। दिनों दिन जल स्तर बढ़ रहा है। गांव के पास ही मेरी चार बीघा जमीन में धान की फसल जल मग्न हो चुकी है।



फोटो 17- नगला दयाली (सिन्हुआ) गांव की छुन्नी देवी पत्नी सूबेदार ने बताया कि गांव में लगभग 15-20 घर बने हैं। अन्हैया नदी का पानी गांव किनारे तक आ गया है। परिवार की लगभग 19 बीघा खेत की जमीन पानी से लबालब है।



फोटो 16-गेहरुआ गांव के रमेश चन्द्र ने बताया कि अन्हैया नदी के उफान से गांव के आसपास खेतो में पानी भर गया है। मेरी व परिवार सहित 90 बीघा खेत की जमीन जलमग्न हो गई है। उसमें लगी धान की पौध के साथ ही अन्य फसल भी खराब हो हो जाएगी।


फोटो 14- सैफी गांव के पूर्व प्रधान अभयराम जाटव ने बताया कि अन्हैया नदी के उफान से मौजा के कई गांव प्रभावित हो गए हैं। लगभग डेढ़ हजार बीघा खेत की जमीन जलमग्न हो गई। कई खेत मे धान की फसल व पौध लगी थी। कुछ गांव के किनारे तक पानी पहुंच गया है।




फोटो 18::::::शहर के शमशान घाट के मुख्य द्वार तक पहुंचा यमुना का पानी। संवाद

फोटो 19:::::बढे़ हुए जलस्तर के साथ बहती यमुना नदी। संवाद


यमुना खतरे के निशान से 57 सेंटीमीटर नीचे, शमशान का रास्ता डूबा

इटावा/उदी। यमुना नदी के जलस्तर में हो रही लगातार बढोत्तरी को लेकर नदी के निचले इलाकों में बसे लोगों की रातों की नींदें उड़ा दी हैं। नदी का जलस्तर मंगलवार शाम चेतावनी बिंदु को पार कर चुका है। हर घंटे हो रही दो से तीन सेंमीटर पानी की बढोत्तरी हो रही है। खतरे के निशान 121.92 मीटर है। नदी का जलस्तर बुधवार शाम चार बजे 121.35 मीटर पर दर्ज किया गया है। वहीं नदी के निचले इलाकों के ग्राम असवा, सुनवारा, भटपुरा, जरहौली आदि जगहों पर नदी का पानी गांव के नजदीक पहुंच रहा है। इसने लोगों की रात की नींदे उड़ा दी है। जिला प्रशासन की ओर से निचले इलाकों में सतर्कता के निर्देश जारी कर दिए है। वहीं यमुना का जलस्तर बढ़ने से शहर के निचले इलाके में बना शमशान घाट के रास्ते पर भी पानी भर गया है। लोग अंत्येष्टि के लिए घुटनों तक भरे पानी के बीच से गुजर रहे हैं।
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वर्जन


नायाब तहसीलदार संपूर्ण कुलश्रेष्ठ ने बताया कि मामला संज्ञान में नहीं है। लेखपाल से रिपोर्ट ले रहा हूं। गुरुवार को खुद जाकर मुआयना करूंगा। लोगों की समस्याओं का समाधान किया जाएगा।
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