एटा। नगर निकाय का चुनाव नजदीक है, लेकिन एटा नगर पालिका का सीमा विस्तार लंबे समय से नहीं किया गया है। ऐसे में शहर फिर से सिमटकर रह जाएगा। शहर में आबादी बढ़ने के बाद कई नए मोहल्ले नगर पालिका क्षेत्र में शामिल नहीं किए जा रहे हैं।
शहर में आबादी बढ़ने के साथ लोगों को नगर पालिका की सुविधाओं से अछूता होना पड़ रहा है। पांच साल बाद नगर निकाय का चुनाव नजदीक आने वाला है, लेकिन प्रशासन द्वारा इस बार भी नगर पालिका परिषद एटा के सीमा विस्तार की पहल नहीं की गई। जिसकी वजह से 30 हजार से अधिक की आबादी पालिका की सुविधाओं का लाभ नहीं उठा पाएगी।
जबकि नगर पालिका परिषद की ओर से पिछले वित्तीय वर्ष की बोर्ड बैठक में सीमा विस्तार का प्रस्ताव पास कराकर तहसील स्तर पर भेज दिया था। सीमा विस्तार में करीब तीन किलोमीटर के दायरे को बढ़ाने का प्रस्ताव भी रखा गया। उसके बाद प्रस्ताव वहीं ठहर गया।
प्रत्येक मार्ग पर 100 मीटर के दायरे में बढ़ाया जाना था शहर
नगर पालिका की ओर से सीमा विस्तार के प्रस्ताव में शहर के प्रत्येक मार्ग पर नई आबादी वाले इलाकों को शामिल किया गया था। प्रत्येक मुख्य मार्ग से 100 मीटर अंदर के दायरे में आने वाले इलाकों को पालिका क्षेत्र में शामिल करने की योजना बनाई गई थी।