एटा के एक लाइब्रेरी में विद्यार्थियों को साइबर सुरक्षा के बारे में जानकारी देते पुलिसकर्मी। स्
एटा। साइबर अपराध के प्रति युवाओं को जागरूक करने के उद्देश्य से पुलिस ने अभियान चलाकर बुधवार को छात्र-छात्राओं जागरूक किया।
अभियान में पुलिस ने बताया कि साइबर ठग किस प्रकार नए-नए तरीकों से लोगों को शिकार बना रहे हैं। अवैध एप के माध्यम से बिना ओटीपी के ही धन को उड़ा रहे हैं। फर्जी कॉल, ऑनलाइन ठगी, फिशिंग लिंक, बैंकिंग फ्रॉड, सोशल मीडिया हैकिंग आदि के बारे में जानकारी दी। किसी भी अज्ञात कॉल या लिंक पर व्यक्तिगत जानकारी, ओटीपी, बैंक विवरण या पासवर्ड साझा नहीं करने की सलाह दी गई। साइबर ठगी होने पर टोल फ्री नंबर 1930 या www.cybercrime.gov.in पर शिकायत दर्ज करा सकते हैं।
इन बातों का रखें ध्यान-
- किसी परिचित की आवाज से ऑनलाइन उधार रुपये मांगे तो पहले पुष्टि कर लें।
- सरकारी अधिकारी, कर्मचारी बनकर स्थानांतरण के नाम पर घरेलू सामान सस्ते में बेचने का ऑफर दे तो बहकावे में ना आएं।
- सोशल मीडिया एवं अनजाने लिंक के माध्यम से भेजे गए फर्जी या अनजान ट्रेडिंग एप में निवेश करने से बचें।
- ऑनलाइन भुगतान करने के लिए UPI पिन की आवश्यकता होती है, भुगतान प्राप्त करने के लिए नहीं।
- कार्ड नंबर, वैधता तिथि, सीवीवी तथा ओटीपी किसी से साझा नहीं करें।
- सोशल मीडिया पर वीडियो या तस्वीर को पोस्ट या फारवर्ड करने से पहले उसकी सच्चाई अवश्य जांच लें।