एटा। थाना जलेसर के गांव सिकंदरपुर मढ़ी उर्फ खोजापुर निवासी राकेश सोमवार को अपने दो मित्रों के साथ ननिहाल सकरौली थाना क्षेत्र के गांव ऊदीगढ़ी पहुंचा था। वहां से खाना खाकर तीनों छात्र साइकिल को 1800 रुपये में बेचकर गाजियाबाद पहुंच गए। देर शाम तक जब छात्र घर नहीं पहुंचे तो परिजन को चिंता हुई। सूचना पर पुलिस सक्रिय हुई और तीन टीमें लगाई गईं। मंगलवार की सुबह इन तीनों छात्रों को गाजियाबाद रेलवे स्टेशन से सकुशल तलाश कर लिया गया है।
गांव सिकंदरपुर मढ़ी उर्फ खोजापुर निवासी 15 वर्षीय छात्र रानू ने बताया कि गांव का ही राकेश सोमवार को एक अन्य दोस्त अंशुल के साथ उसको साइकिल पर बिठाकर ननिहाल ले गया। राकेश की ननिहाल में तीनों ने खाना खाया और वहां से निकलकर आए। रास्ते में 1800 रुपये में साइकिल बेच दी, बस पकड़कर बरहन जंक्शन पहुंचे। यहां से ट्रेन में बैठकर गाजियाबाद पहुंच गए। उधर, परिजन ने थाना जलेसर में शिकायत दर्ज कराई। शिकायत पर सक्रिय हुई पुलिस टीम ने मंगलवार की सुबह इनको गाजियाबाद रेलवे स्टेशन पर बरामद कर लिया। रानू के पिता राम रतन ने बताया कि सोमवार की सुबह लगभग 6:30 बजे तीनों किशोर स्कूल की कहकर साइकिल लेकर घर से निकले थे।
थाना प्रभारी सुधीर राघव ने बताया कि तीनों बच्चों को गाजियाबाद रेलवे स्टेशन से सकुशल बरामद कर लिया गया है। वहां हमारी टीम मौजूद है परिजन को सूचना दे दी गई है। वह लोग भी गाजियाबाद ही पहुंच रहे हैं। छात्र इस प्रकार से घर से अचानक गाजियाबाद क्यों गए, यह तो उनके आने के बाद ही पता चल सकेगा।