अनिरुद्ध शर्मा
जलेसर। तहसील क्षेत्र के गांव नगला बालजीत में लोकसभा चुनाव के कारण मंगलवार को मतदान किया जाना था। जहां ग्रामीणों की 10 साल पुरानी सड़क की समस्या का निस्तारण न होने पर ग्रामीणों ने मतदान का बहिष्कार कर दिया। सुबह 7 बजे यहां पहला तो दोपहर बाद 3 बजे दूसरा वोट पड़ा।
तहसील क्षेत्र के गांव नगला बलजीत में 575 मतदाता हैं। मंगलवार को यहां मतदान हुआ। इसमें ग्रामीणों ने अंतिम समय पर मतदान का सामूहिक रूप से बहिष्कार कर दिया। सुबह 7 बजे प्राथमिक विद्यालय नगला बलजीत पर मौजूद एजेंट ने मात्र एक ही वोट डाला था। जिसके बाद ग्रामीणों ने 2 बजे तक कोई मतदान नहीं किया। जिसकी सूचना पर शासन-प्रशासन तक पहुंची, तो मौके पर कई अधिकारियों ने पहुंचकर आश्वासन दिए, लेकिन ग्रामीणों ने एक न सुनी।
मामले की जानकारी भाजपा प्रत्याशी व केंद्रीय मंत्री एसपी सिंह बघेल को हुई तो वह क्षेत्रीय विधायक संजीव दिवाकर के साथ मौके पर पहुंचे। जहां ग्रामीणों को मनाने का कार्य किया। करीब 2 घंटे पंचायत होने के बाद एसपी सिंह द्वारा शीघ्र ही सड़क का निर्माण किए जाने का आश्वासन दिया। इस पर ग्रामीणों ने दोपहर बाद 3 बजे मतदान करना प्रारंभ किया।
गांव के लोकेंद्र महेंद्र कृपाल सिंह मानपाल कुशवाहा, ओमवीर सिंह, हरिओम कुशवाहा, लोकेश कुशवाहा, रमेश, जीवन कुशवाहा आदि ने बताया कि गांव से लेकर आगरा रोड तक 2 किलोमीटर का मार्ग है। इसके निर्माण के लिए क्षेत्रीय विधायक व सांसद सहित कई आला अधिकारियों से गुहार लगाई, लेकिन आज तक सड़क का निर्माण नहीं हो सका। पूरे चुनाव प्रचार के दौरान भाजपा प्रत्याशी और कोई कार्यकर्ता गांव में समस्याओं को जानने नहीं पहुंचे। इसे लेकर आक्रोश था। इसी विरोध के कारण सामूहिक रूप से ग्रामीणों ने मतदान बहिष्कार का निर्णय लिया था। संवाद