एटा। सर्दी में लापरवाही लोगों को भारी पड़ रही है। इन दिनों ओपीडी में सर्दी, खांसी व जुकाम सहित बुखार के मरीजों की भरमार है, लेकिन सांस के रोगियों की संख्या में भी इजाफा हुआ है। ओपीडी में इन दिनों 250 के करीब सांस के रोगी इलाज के लिए पहुंच रहे हैं।
सोमवार को मेडिकल कॉलेज की ओपीडी खुली तो सर्दी के कारण सुबह 10 बजे तक मरीजों की संख्या कम रही। सर्दी की वजह से मरीज और तीमारदार घरों से नहीं निकल पाए, जब धूप की गर्माहट मौसम में आई तो करीब 11 बजे अचानक मरीजों की संख्या बढ़ गई। चिकित्सक सांस रोगियों को सर्दी से बचाव की सलाह दे रहे हैं।
ओपीडी में डॉ. अंशुल यादव मरीजों को देख रहे थे। यहां लाइन में पांच मरीज लगे थे। ऐसी ही स्थित नेत्र विभाग सहित बाल रोग विभाग में भी थी। सुबह 11 बजे के बाद एक साथ मरीजों की भीड़ उमड़ पड़ी। इस दौरान पर्चा काउंटर पर मरीजों की लाइन लग गई। वहीं चिकित्सकों के कक्षों के बाहर भी मरीजों की लाइन लगी रही।
सर्दी की वजह से बढ़ रही है सांस रोगियों की संख्या
फिजीशियन डॉ. अंशुल यादव ने बताया इन दिनाें सर्दी, खांसी व जुकाम सहित बुखार के मरीज आ रहे हैं, लेकिन सांस के रोगियों की संख्या में बढ़ोत्तरी हुई है। उन्होंने बताया 250 के लगभग सांस के मरीज प्रतिदिन उनके पास पहुंच रहे हैं।
सांस के रोगी ये करें बचाव
- ठंडी और बासी चीजों का सेवन न करें।
-सर्दी से बचाव के सभी जरुरी उपाय जैसे गर्म कपड़े पहनना।
- धूप आने से पहले बाहर नहीं निकलना, कमरों के भीतर बैठने के बजाय धूप में बैठना।
- कैप आदि लगाकर रखना, सुबह के समय टहलने न जाएं।
- जरूरी कार्य हो तभी घर से बाहर निकलें।