एटा पहुंचे कोरियाई बौद्ध श्रद्धालु
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उत्तर प्रदेश के एटा पहुंचे कोरियाई बौद्ध भिक्षुओं ने मंगलवार को यहां गुप्तकालीन अवशेषों को देखा। उन्होंने बड़ी ही बारीकी से इन्हें निहारा। कोरियाई श्रद्धालु दो दिन से जनपद में रुके हुए हैं। यहां वह भ्रमण कर संरक्षित इमारतों और अवशेषों के बारे में जान रहे हैं।
अलीगंज विकासखंड क्षेत्र के बिल्सड़ गांव में गुप्तकालीन अवशेष मिले हैं। इनको देखने के लिए रविवार देर रात कोरियाई श्रद्धालु यहां पहुंचे। उन्होंने इस जगह का भ्रमण करके यहां मिलें अवशेषों को बारीकी से निहारा। उनके बारे में जानकारी लेने की कोशिश की।
कोरियाई श्रद्धालुओं ने अवशेषों की प्रशंसा की
ग्राम प्रधान चंद्रशेखर पांडे ने बताया कि रविवार की देर रात कोरियाई श्रद्धालुओं का एक जत्था गांव पहुंचा। उन्होंने गांव में मिले गुप्तकालीन अवशेषों का निरीक्षण किया। जत्थे में पांच लोग आए हैं। उन्होंने बड़े ही उत्सुकतापूर्वक गांव का भ्रमण किया। यहां उन्होंने पुरातत्व विभाग द्वारा संरक्षित की गई इमारतों और अवशेषों को ध्यानपूर्वक देका। साथ ही अपने गाइड द्वारा इनके बारे में जानकारी प्राप्त की। कोरियाई श्रद्धालुओं ने इन अवशेषों की काफी प्रशंसा की।
खुदाई के दौरान गुप्तकालीन अवशेष मिले
ग्राम प्रधान ने बताया कि कुछ वर्ष पहले बिल्सड़ गांव में खुदाई के दौरान गुप्तकालीन अवशेष प्राप्त हुए थे। इनमें सीढि़यों पर महेंद्रादित्य शंख लिपि में लिखा हुआ था। उस स्थल को भी साफ करके रात के अंधेरे में रोशनी जलाकर बौद्ध भिक्षुओं ने देखा। बता दें पुरातत्व विभाग द्वारा ग्राम बिल्सड़ के गुप्तकालीन अपशेषों को संरक्षित कर दिया गया है। पर्यटन से संबंधित कई प्रकार की सामग्री ग्राम बिल्सड़ में लगाई गई है।