एटा। जिले में पिछले दो दिनों से मौसम के लगातार बदलते मिजाज ने किसानों की चिंता बढ़ा दी है। जहां एक ओर हल्की ठंडक और बादलों के कारण लोगों को गर्मी से राहत मिली है वहीं गेहूं और सरसों की फसल करने वाले किसान संभावित बारिश, ओलावृष्टि और तेज आंधी की आशंका से परेशान नजर आ रहे हैं।गांवों में इन दिनों सरसों की कटाई का कार्य चल रहा है। कई किसानों की फसल खेतों में कटी पड़ी है ऐसे में मौसम के अचानक बदलने से नुकसान का खतरा बढ़ गया है। किसान परिवार खेतों में पड़ी फसल को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाने में जुटे हुए हैं ताकि बारिश या तेज हवा से नुकसान से बचाया जा सके। किसान सूरज सहाय ने बताया कि उनके खेत में सरसों की फसल कटी पड़ी हुई है। मौसम बदलने से चिंता बढ़ गई है। पूरा परिवार फसल को समेटकर सुरक्षित स्थान पर रखने में लगा है ताकि बारिश होने पर नुकसान से बचाया जा सके। वहीं किसान प्रेम किशोर का कहना है कि मौसम विभाग ने बारिश व तेज आंधी की चेतावनी जारी की है। यदि ऐसा होता है तो गेहूं की खड़ी फसल को नुकसान होने की आशंका है। इस समय गेहूं की फसल तेज हवाओं से गिर सकती है और उत्पादन प्रभावित हो सकता है। जिला कृषि विभाग ने भी किसानों को सतर्क रहने की सलाह दी है। जिला कृषि अधिकारी डॉ. मनवीर सिंह ने किसानों से अपील की है कि मौसम के पूर्वानुमान को ध्यान में रखते हुए फसलों की सुरक्षा के उपाय अपनाएं। उन्होंने कहा कि फिलहाल खेतों में अधिक सिंचाई करने से बचें क्योंकि तेज हवा चलने की स्थिति में अधिक नमी होने से गेहूं की फसल गिर सकती है। साथ ही उन्होंने किसानों से कहा कि खेतों में कटी हुई सरसों या अन्य फसलों को जल्द से जल्द सुरक्षित स्थानों पर पहुंचा दें जिससे संभावित बारिश व आंधी से होने वाले नुकसान को कम किया जा सके। कृषि विभाग की ओर से किसानों को लगातार मौसम की जानकारी व आवश्यक सलाह भी दी जा रही है। कृषि वैज्ञानिक केंद्र आवागढ़ प्रभारी एके सिंह ने बताया कि फिलहाल किसान चिंतित न हो मौसम में परिवर्तन है लेकिन अभी बारिश की कोई आशंका नहीं है लेकिन सर्तकता बरते।