जैथरा। कस्बे के बाजारों में तीन तरह के सिक्कों का प्रचलन बंद हो गया है। यह आदेश सरकार का नहीं है। बल्कि व्यापारियों ने अपने नियम बना लिए हैं। इसके तहत इन सिक्कों को नहीं लिया जा रहा है। ऐसे में आम लोग परेशान हो रहे हैं। एक, पांच और दस रुपये के कुछ विशेष तरह की डिजाइन वाले सिक्कों को सीधे तौर पर नकली और अमान्य बता दिया जाता है। कई दुकानदारों ने बताया कि 10 के सिक्के पर 10 से ज्यादा निशान होना इसके नकली होने की पहचान है तो किसी ने पांच रुपये के सफेद सिक्के को जनपद कासगंज का बना सिक्का कहकर नकली बताया।
एक रुपये के छोटे आकार के सिक्के को अत्याधिक छोटा होने का कारण बता नकली घोषित कर रहे हैं। वहीं, केनरा बैंक के शाखा प्रबंधक अभिषेक मिश्रा ने बताया कि सिक्के नकली नहीं हैं और न ही इनके प्रचलन पर रोक है। समय-समय पर सिक्कों की डिजाइन बदली जाती है। जानकारी के अभाव में लोग नकली-असली की भ्रांतियां फैलाते हैं।