एटा। कोतवाली नगर में भाजपा के जिला पंचायत सदस्य के खिलाफ तलाक दिलाने के नाम पर 10 लाख की ठगी करने का मुकदमा दर्ज कराया गया है। युवक ने दूसरी युवती से प्रेम विवाह कर लिया था। इसके बाद तलाक दिलाने को कहा। दोनों पक्षों के बीच समझौते के दौरान 10 लाख रुपये में बात बनी थी।
शहर के मोहल्ला सुनहरी नगर निवासी श्याम सिंह ने मोहल्ले के ही जिला पंचायत सदस्य राजेश यादव सहित सात के खिलाफ रिपोर्ट लिखाई है। बताया कि पुत्र हरप्रीत यादव की पहली शादी 4 मार्च 2022 को जितेंद्र सिंह की बेटी अमन यादव निवासी आश्रम वाली गली मैनपुरी के साथ हुई थी।
इसके बाद पुत्र ने सितंबर 2022 में खुशबू से प्रेम विवाह कर लिया। इस पर पहली पत्नी के परिजन ने उसकी शादी दूसरी जगह करने की बात कहकर फैसला करने को कहा। तब भाजपा जिपंस के घर पर पंचायत बुलाई गई। यहां पर 20 लाख में समझौता हुआ।
पीड़ित ने बताया कि जिपंस ने समझौते के दौरान कहा था कि रकम दीजिए, तलाक दिलाने की मेरी जिम्मेदारी होगी। इसके बाद 25 जनवरी को पांच-पांच लाख के चार चेक जिपंस ने ले लिए। एक चेक से भुगतान भी उसी दिन कर लिया और तलाक होने के बाद मायके वालों को रकम देने का वादा किया।
आरोप है कि तलाक होने से पहले ही राजेश यादव ने 13 फरवरी को पांच लाख रुपये निकाल लिए। जब वह बैंक गया तो रकम निकलने का पता चला। तब 19 मार्च को राजेश यादव के घर गया। यहां पर गाली-गलौज कर धमकी दी गई। शेष दो चेक से रुपये निकालने का अंदेशा जताया है।
इनके खिलाफ लिखाया गया है मुकदमा
तलाक दिलाने के नाम पर ठगी करने वाले जिपंस के अलावा इनके पुत्र विक्रम व सतेंद्र सिंह, देवंद्र सिंह, सचिन, विपिन और प्रदीप शामिल हैं। इन लोगों पर तलाक के नाम पर ठगी करने का आरोप है।