एटा। अगर रात में घर से निकल रहे हैं या फिर अंधेरे में कमरे में जा रहे हैं तो सावधान हो जाएं। क्योंकि बारिश और जलभराव के बाद सांप खेत छोड़कर गांव में चले आए हैं। ऐसे में जरा सी चूक हुई तो वह फन उठा रहे हैं। यही वजह है कि मेडिकल कॉलेज में सांप के काटने वाले मरीजों की संख्या बढ़ गई है। एक सप्ताह में 25 मरीज सर्पदंश के आ चुके हैं।
बारिश शुरू होने के बाद हर जगह जलभराव हो गया है। हर तरफ पानी हो जाने के कारण बिल में रहने वाले सांप बाहर निकलने लगे हैं। बारिश शुरू होने व खेतों जलभराव के बाद से एकाएक सांप के काटने के मामले बढ़ गए हैं। यह मरीज उन्हीं क्षेत्रों से हैं, जहां पर जलभराव अधिक हुआ है। किसी को खेत में सांप ने काट लिया तो किसी को घर में काटा। एक सप्ताह में मेडिकल कॉलेज में सांप के काटने के 25 मरीज पहुंच चुके हैं। इनमें से दो की मौत हुई है। चिकित्सकों का कहना है कि बारिश के मौसम में हर वर्ष सांप के कटाने की घटनाएं बढ़ जाती है। लोगों को यह ध्यान देने की जरूरत है कि वह जल्द से जल्द अस्पताल पहुंच जाएं। जिससे समय से उनका इलाज शुरू हो सके।