एटा। मेडिकल कॉलेज में एक जूनियर छात्र के साथ रैगिंग का मामला सामने आया था। जहां उसके परिजन ने एक दिसंबर को प्राचार्य से मिलकर शिकायत की थी। इस पर 30 छात्रों को रैगिंग और अनुशासनहीनता में आरोपित करते हुए छात्रावास से निस्कासित कर कॉलेज संबंधी सभी गतिविधियों से निलंबित कर दिया गया था। इसके बाद दो दिसंबर की रात वहां प्राचार्य के निरीक्षण के बाद बवाल हुआ था।
एक दिसंबर को कॉलेज में प्राचार्य द्वारा तीस छात्रों को जांच रिपोर्ट आने तक निलंबित करने का आदेश जारी किया गया। दो दिसंबर की रात प्राचार्य छात्रावास में निरीक्षण पर गए। जहां छात्र कमरों से बाहर मिले। इस दौरान 11 छात्रों को कॉमन रूम में लाकर बंद कर दिया गया। इसके बाद अन्य छात्र वहां नारेबाजी करने लगे। शुक्रवार की देर रात तक कॉलेज में हंगामा, प्रदर्शन चला था। शनिवार को एएसडीएम अलंकार अग्निहोत्री सहित पुलिस के अधिकारी मौके पर गए थे। जहां छात्रों व कॉलेज के प्रिंसीपल आदि से अलग- अलग बात कर मामले को निपटाया।
रो-रोकर छात्रों ने लगाए थे आरोप
एक वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हुआ था। जहां छात्र रो-रोकर आरोप लगा रहे थे। कह रहे थे कि उनके साथ यहां व्यवहार ठीक नहीं किया जा रहा है। उन्होंने पीटने का भी आरोप लगाया था। छात्रों की मांग थी कि प्राचार्य द्वारा गलत व्यवहार किया गया है। उनको यहां से हटाया जाए।