18 माह तक चल इलाज, पुलिस आरोपियों को कर चुकी है गिरफ्तार
संवाद न्यूज एजेंसी
देवरिया। मामूली झगड़े किस तरह बड़ा रूप ले लेते हैं, इसकी बानगी रामपुर कारखाना क्षेत्र के डिघवा पौटवा गांव में देखने को मिला। 18 माह पहले गांव के ही एक युवक की कुछ लोगों से कहासुनी में मारपीट हो गई। गुस्साए लोगों ने युवक को मारपीट कर गंभीर रूप से घायल कर दिया। युवक की इलाज के दौरान जमीन और कार बिक गई, लेकिन उसकी जान नहीं बच सकी। पुलिस इस मामले में आरोपियों को गिरफ्तार कर चुकी है और मामले में चार्जशीट भी दाखिल हो चुकी है।
रामपुर कारखाना थाना क्षेत्र के डिघवा पौटवा गांव निवासी मनीष सिंह (21) पुत्र ओमप्रकाश सिंह 6 दिसंबर 2021 को आनंद नगर चौराहे पर गया था। आरोप है कि कहासुनी के बाद कुछ लोगों ने मारपीट कर मनीष को गंभीर रूप से घायल कर दिया था। उसका इलाज देवरिया और गोरखपुर के एक निजी अस्पताल में कराया गया। वह सिर पर गंभीर चोट लगने के कारण कोमा में चला गया। कुछ दिन बाद डॉक्टरों ने मरीज को घर ले जाकर दवा व इलाज नियमित रूप से कराने की सलाह दी। परिजन मनीष को घर लेकर चले आए। इसी बीच शनिवार सुबह उसे झटका आने लगा। उसके बाद परिजन उसे लेकर जिला अस्पताल पहुंचे, जहां इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई। मौत की जानकारी मिलते ही पिता ओमप्रकाश, मां पूनम देवी और तीन भाई दहाड़े मार कर रोने लगे। देर शाम शव गांव पहुंचा और उसका दाह संस्कार किया गया। पिता ने बताया कि बेटे के इलाज में 50 से 60 लाख रुपये खर्च हो गया। जेवरात बिक गए और जमीन भी। जब पैसे की कमी पड़ी तो कार भी बेचनी पड़ी। मलाल सिर्फ इस बात का है कि बेटा बचा नहीं।
मामले में पुलिस लगा चुकी है चार्जशीट, आरोपी जा चुके हैं जेल
- मामले में रामपुर कारखाना पुलिस ने जानलेवा हमले का केस तीन लोगों पर दर्ज किया था। पुलिस मामले में चार्जशीट लगा चुकी है और आरोपी भी जेल भेजे जा चुके हैं। हालांकि साक्ष्य नहीं होने के चलते आरोपी इन दिनों जमानत पर जेल से बाहर बताए जा रहे हैं। इंस्पेक्टर नरेंद्र प्रताप राय ने कहा कि मामले में चार्जशीट लग चुकी है। आरोपियों को जेल भी भेजा गया था। उच्चाधिकारियों से वार्ता कर आगे की कार्रवाई की जाएगी।