भाटपाररानी। क्षेत्र के नोनापार स्थित मणिनाथ ब्रह्मस्थल पर चल रही श्रीमद् भागवत कथा एवं महायज्ञ के सातवें दिन रविवार को कथा वाचक दंडी स्वामी बद्रिकाश्रम विनोदानंद सरस्वती जी महाराज ने कृष्ण और सुदामा के गहरी मित्रता की कथा सुनाकर श्रोताओं को भाव विह्वल कर दिया। कथा वाचक ने गुरु संदीपनी ऋषि के आश्रम में शिक्षा ग्रहण कर रहे कृष्ण और सुदामा की बाल मित्रता तथा सुदामा द्वारा वन में लकड़ी इकट्ठा करते समय गुरु की पत्नी द्वारा चना को अकेले चुराकर खाने की कथा को विस्तार से सुनाया। उसके बाद सुदामा को अपनी पत्नी के कहने पर द्वारकाधीश के यहां जाने और सुदामा के पहुंचने पर कृष्ण की व्याकुलता भरा मिलन, स्वागत और फिर विदा करने की कथा सुनाई। इस दौरान यजमान चंद्रभान तिवारी, डॉ. राजेश तिवारी, वीरेंद्र नाथ तिवारी आदि मौजूद रहे। संवादा