देवरिया। मेडिकल कॉलेज में पत्नी का इलाज कराने आए कतार में खड़े युवक को बिना नंबर के एक व्यक्ति का डॉक्टर के पास जाने का विरोध करना महंगा पड़ गया। युवक को तीन गार्ड 12 नंबर कमरे में खींच ले गए और उसकी पिटाई की। कमरे के बाहर पत्नी और बच्चे चीखते रहे। उसे बिना इलाज कराए लौटना पड़ा। पीड़ित ने पुलिस से शिकायत की है।
रामपुर कारखाना थाना क्षेत्र के महादेवा गांव निवासी चंदन कुमार की पत्नी प्रतिमा को पैर में दिक्कत थी। सोमवार को सुबह दस बजे उसे लेकर मेडिकल कॉलेज इलाज के लिए पहुंचा। आरोप है कि एक नंबर कमरे में पत्नी को दिखाने के लिए पर्ची कटाने के बाद कतार में खड़ा था। भीड़ अधिक होने के चलते दो घंटे बाद भी नंबर नहीं आया, जबकि डॉक्टर चेंबर के बाहर मौजूद गार्ड बिना नंबर के ही इंट्री करा दे रहे थे। इसका विरोध करने पर वे नाराज हो गए और पकड़ कर 12 नंबर कमरे में ले गए और बंद कर पिटाई किए।
शोर सुनकर पत्नी और बच्चे भी कमरे के बाहर पहुंच गए और चीखने-चिल्लाने लगे। बावजूद गार्डों को रहम नहीं आई। चंदन ने बताया कि दो माह पूर्व बच्चे की मौत के बाद से पत्नी बीमार रहती है। उसी के इलाज के लिए आया था। पत्नी खड़ा होने में असमर्थ थी तो मैं कतार में लगा था। मेडिकल कॉलेज में गार्डों के अलावा कई ऐसे लोग हैं, जो डॉक्टरों से सेटिंग कर मरीजों को जल्दी दिखा दे रहे हैं। इस पर रोक लगनी चाहिए। कोतवाल वेद प्रकाश शर्मा ने बताया कि सूचना मिली थी। तहरीर मिलने पर केस दर्ज किया जाएगा।