आरोपी ने हत्या कर शव को कार से भागलपुर पुल पर ले जाकर नदी में फेंकने की बात स्वीकार की है। पुलिस सूत्रों के मुताबिक अब तक की जांच में जो संकेत मिले हैं, उससे साफ जाहिर हो रहा है कि शंकर की हत्या प्रेम प्रसंग में बाधा बनने के कारण हुई है। मुख्य आरोपी की जिस महिला से करीबी है, उससे मिलने-जुलने में शंकर बाधक बन रहे थे, इस कारण उनकी हत्या कर शव को नदी में फेंक दिया गया, ताकि राज न खुले सके।
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सीओ अंशुमन ने बताया कि जांच में प्रथम दृष्टया यह संकेत मिल रहा है कि प्रेम प्रसंग में बाधक बनने पर हत्या की गई है। मुख्य आरोपी की गिरफ्तारी का प्रयास किया जा रहा है।
दिनभर चलती रही शव की तलाश
शंकर पांडेय को फोन कर बुलाने वाला फरार है। दूसरे आरोपी ने हत्या कर शव पुल से नदी में फेंकने की बात कही तो पुलिस शव के खोजबीन में जुट गई। सरयू नदी में एसडीआरएफ टीम ने तलाश की, लेकिन शव का पता नहीं चला। आरोपियों ने बुलाकर उसकी हत्या की गई है। मृतक की पत्नी शिवानी पांडेय आंगनबाड़ी कार्यकर्ता हैं।