- डीएम ने एआरटीओ ने मांगा स्पष्टीकरण, गायब हो गए कार्यालय में हर रोज दिखने वाले अनधिकृत लोग
संवाद न्यूज एजेंसी
देवरिया। बृहस्पतिवार की सुबह एसडीएम सदर ने एआरटीओ कार्यालय पर छापा मारा। इस दौरान परिसर में घूम रहे दो लोगों को पकड़ा। अचानक हुई इस कार्रवाई से परिसर में हड़कंप मचा रहा। कुछ घंटों पर हर समय पर कार्यालय में मंडराने वाले अनधिकृत लोग गायब हो गए। इस मामले में जिलाधिकारी ने एआरटीओ से स्पष्टीकरण भी तलब किया है।
जिलाधिकारी के निर्देश पर एसडीएम सदर विपिन द्विवेदी एवं एसडीएम (न्यायिक) मंजूर अहमद अंसारी के नेतृत्व में छापे की कार्रवाई संभागीय परिवहन अधिकारी कार्यालय पर हुई। औचक निरीक्षण में कार्यालय में दो व्यक्ति अनधिकृत रूप से मौजूद मिले। इन दोनों व्यक्तियों को कोतवाली पुलिस की अभिरक्षा में भेजकर सुसंगत धाराओं में विधिक कार्रवाई करने के निर्देश दिए गए। उपजिलाधिकारी सदर विपिन द्विवेदी ने बताया कि जिलाधिकारी दिव्या मित्तल के निर्देश के क्रम में सुबह 11 बजे एसडीएम (न्यायिक) रुद्रपुर के साथ मेहड़ा पुरवा स्थित संभागीय परिवहन कार्यालय पहुंचे।
निरीक्षण के समय सहायक संभागीय परिवहन अधिकारी आशुतोष शुक्ला उपस्थित नहीं थे। दूरभाष पर उनकी ओर से बताया गया कि वे शासन के निर्देश के क्रम में जनपद कुशीनगर में शासकीय कार्य में व्यस्त हैं। पीटीओ अनिल तिवारी मौके पर उपस्थित थे, जिनके समक्ष कार्यालय में उपस्थित कर्मचारियों तथा अन्य व्यक्तियों का सत्यापन किया गया। निरीक्षण के दौरान कार्यालय में तैनात सात स्थाई कर्मचारियों के सापेक्ष छह कर्मचारी उपस्थित पाए गए। एक कर्मचारी अवकाश पर था, जिनका प्रार्थनापत्र उपलब्ध था। इनके अलावा तीन आउटसोर्सिंग कार्मिक तथा तीन अधिवक्तागण भी परिसर में मौजूद मिले।
निरीक्षण के दौरान कार्यालय में दो ऐसे व्यक्ति पाए गए जो कार्यालय में उपस्थिति के कारण का संतोषजनक उत्तर नहीं दे सके। इनमें मेहड़ा पुरवा निवासी गुलशन चौहान पुत्र रामेश्वर चौहान तथा धमउर निवासी राजन यादव पुत्र रामनक्षत्र यादव शामिल हैं। प्रथमदृष्टया ये दोनों व्यक्ति अनधिकृत रूप से कार्यालय में उपस्थित होकर शासकीय कार्य में हस्तक्षेप एवं प्रभावित करते हुए पाए गए। इन दोनों अनधिकृत व्यक्तियों को अपनी उपस्थिति के संबंध में संतोषजनक उत्तर नहीं देने के कारण इन्हें कोतवाली सदर को पुलिस अभिरक्षा में दे दिया गया तथा इनके विरुद्ध वैधानिक कार्रवाई की जा रही है।
अक्सर कार्यालय से ही गायब रहते हैं एआरटीओ, अनधिकृत लोगों का दिखता है दबदबा
देवरिया। एआरटी अपने कार्यालय से अक्सर ही गायब रहते हैं। कई बार तो सुबह 10 से 12 बजे के समय भी उनका कक्ष बंद रहता है। दोपहर 12 बजे से लेकर चार बजे तक भी उनके कक्ष में ताला ही लटका रहता है। ऐसे में जो लोग उनसे मिलना चाहते हैं या किसी कार्य को कराना चाहते हैं, वह निराश होकर लौट जाते हैं। इस दौरान कर्मचारियों से पूछने पर वह बताते हैं कि साहब वाहनों की जांच में बाहर गए हुए हैं। अधिकारी के कार्यालय से ही लगातार गायब रहने का असर यह है कि कार्यालय में अनधिकृत लोगों का दबदबा बन गया है। यह लोग वाहनों की जांच, फिटनेस, हैवी डीएल सहित अन्य कार्यों को लेकर आने वालों से मनमानी रकम वसूलते हैं। इन्हें रोकने टोकने वाला भी कोई नहीं होता। संवाद