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Deoria News: अच्छी कमाई का झांसा देकर बेरोजगारों को बना दे रहे कर्जदार

Sat, 24 Feb 2024 12:08 AM IST
गोरखपुर ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, देवरिया
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विदेश भेजने के नाम पर ठगी के बढ़े मामले, मुकदमा दर्ज होने के बाद भी रुपये वापस होने में आ रहीं मुश्किलें
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संवाद न्यूज एजेंसी
देवरिया। पढ़े-लिखे युवाओं को भी अच्छी कमाई का झांसा देकर ठगों का गिरोह उन्हें कर्जदार बना रहा है। खेत बंधक करके और कर्ज लेकर विदेश जाने की कोशिश में युवा जालसाजी के शिकार हो रहे हैं।
ओमान, मलेशिया और दुबई सहित अन्य देशों में भेजने के नाम रुपये वसूले जा रहे हैं। रुपये वापस मांगने वालों की संख्या बढ़ी रही है तो वे सारा माल समेटकर फरार हो जा रहे हैं।
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जिले में अपंजीकृत संस्थाएं मोटी रकम लेकर फर्जी वीजा और टिकट थमा दे रही हैं। जिले में 300 से अधिक युवकों ने अपने परिवार की गाढ़ी कमाई और कर्ज लेकर एजेंट को दे दिए। उन्हें नौकरी भी नहीं मिली और पैसा भी डूबने का भय सता रहा है। पीड़ित थाने और पुलिस का चक्कर लगाते थक जाते हैं। उनका पैसा वापस नहीं हो पा रहा है। ऐसे धोखाधड़ी करने वाले लोगों की चेकिंग भी पुलिस नहीं करती है। इस कारण आए दिन विदेश भेजने के नाम पर ठगी की घटनाएं सामने आ रही हैं।
शहर के पगरी में ट्रवेल्स एजेंसी संचालित करने वाले आरोपी को जिले एवं आसपास के 200 से अधिक लोग तलाश रहे हैं। वह कहीं बाहर से आया और कुछ लोगों को विदेश भेजा भी। इससे लोगों का भरोसा बढ़ा तो उसे रुपये दे दिए। अब वह फरार हो गया है। उसने अपना पता अयोध्या बताया है, जबकि पुलिस तस्दीक कर रही है कि उसने जो पता बताया है। वह सही है या नहीं।
शिकायत है कि उसने ओमान व आर्मेनिया भेजने के लिए हर एक बेरोजगार से 65,000 रुपये लिया और अचानक लापता हो गया है। इंस्पेक्टर वेद प्रकाश शर्मा ने बताया कि शिकायत की जांच की जा रही है। केस दर्ज करके साक्ष्यों के आधार पर कार्रवाई की जाएगी।
पहले भी आ चुके हैं ठगी के मामले
रामपुर कारखाना के गौरा निवासी सानू ने बताया कि उन्हें सहित उनके गांव के आठ युवाओं को एजेंट ने टूरिस्ट वीजा पर दुबई भेज दिया था। वे फर्नीचर के कारीगर हैं। उनके साथ गया हुआ युवक कंप्यूटर में प्रशिक्षित था। जब वे वहां पहुंचे तो सभी लोगों को मैन सप्लाई में लगा दिया और सभी से श्रमिक का कार्य कराया जा रहा था। उन्होंने मालिक से मुलाकात की तो वापस आ सके। मुकदमा दर्ज कराया तो एजेंट ने रुपये वापस करके सुलह कराया।
-महुआडीह में चिकन शाॅप चलाने वाले अबरार नाम के व्यक्ति ने एजेंट के माध्यम से मलेशिया और दुबई भेजने के लिए रुपये जमा करवाया, लेकिन बाद में बताया कि एजेंट फरार हो गया है। उसके बाद केस दर्ज किया गया तो उसने सक्षम लोगों के रुपये वापस किया।

ये बरतें सतर्कता
पहले पता करें कि ट्रवेल्स एजेंसी को विदेश भेजने के लिए विदेश मंत्रालय से लाइसेंस मिला है या नहीं। मंत्रालय की वेबसाइट पर अधिकृत एजेंसी का नाम होता है। यदि वीजा मिल गया है तो देखना चाहिए कि इंप्लायमेंट वीजा है या टूरिस्ट वीजा। टूरिस्ट वीजा की वैधता 90 दिन की होती है। उसके आधार पर विदेश में कार्य करना नियम विरुद्ध है। यदि इंप्लायमेंट वीजा है तो कंपनी का एग्रीमेंट भी देखें कि आपको को किस पद के लिए बुलाया जा रहा है। उसकी शर्त क्या हैं? इसके साथ यदि आप इंप्लायमेंट वीजा पर जाते हैं तो विदेश में भारतीय दूतावास में अपना नाम रजिस्टर्ड करा दें ताकि कोई दिक्कत होने पर मदद मिल सके।
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-अविनाश कुमार सिंह, सचिव, कानून पीड़ित न्याय मंच

कोट
विदेश भेजने के मामले में ठगी होने की शिकायत पर केस दर्ज करके कार्रवाई की जाती है। पगरा ट्रवेल्स एजेंसी के संचालक की ओर से ओमान भेजने के नाम पर ठगी करने की शिकायत की जांच सीओ को सौंपी गई है। जांच रिपोर्ट के अनुसार कार्रवाई की जाएगी।
-संकल्प शर्मा, पुलिस अधीक्षक
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